कुरुक्षेत्र, 8 जुलाई। जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. मंजू शर्मा ने कहा कि स्वस्थ जीवन के लिए संतुलित आहार, नियमित दिनचर्या, स्वच्छता तथा समय पर चिकित्सकीय परामर्श अत्यंत आवश्यक हैं। आयुष पद्धति न केवल रोगों के उपचार में सहायक है बल्कि बीमारियों की रोकथाम में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने और आयुष पद्धतियों को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से आयुष विभाग, कुरुक्षेत्र द्वारा आज गांव आम कलाल माजरा स्थित गुरु रविदास धर्मशाला में आयुष ग्राम पहल के अंतर्गत एक विशेष निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का शुभारंभ जिला आयुर्वेदिक अधिकारी द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया।
शिविर में आयुष विभाग के चिकित्सकों की टीम द्वारा ग्रामीणों की सामान्य स्वास्थ्य जांच की गई। इस अवसर पर डॉ. संतोष और डॉ. स्मृति ने मरीजों का परीक्षण कर उन्हें आयुर्वेदिक एवं होम्योपैथिक परामर्श के साथ नि:शुल्क औषधियों का वितरण किया। शिविर के दौरान ग्रामीणों के बीपी और शुगर की जांच की गई तथा बच्चों, महिलाओं एवं वृद्धजनों को विशेष स्वास्थ्य परामर्श दिया गया। जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों की स्क्रीनिंग के साथ-साथ सर्दी-जुकाम, जोड़ों के दर्द, पाचन एवं त्वचा संबंधी समस्याओं के लिए नि:शुल्क दवाएं वितरित की गईं। साथ ही वर्षा ऋतु में होने वाली बीमारियों, उनसे बचाव के उपाय, स्वच्छता, संतुलित आहार और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता प्रदान की गई। योग सत्र आयोजित कर प्रतिभागियों को नियमित योगाभ्यास के लिए प्रेरित किया गया। शिविर में कुल 53 आयुर्वेदिक एवं 46 होम्योपैथिक ओपीडी दर्ज की गईं।
उन्होंने ग्रामीण नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि वे स्वास्थ्य संबंधी किसी भी समस्या की अनदेखी न करें और छोटे-मोटे लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या आयुष चिकित्सक से संपर्क करें। उन्होंने सभी से आयुष विभाग द्वारा संचालित स्वास्थ्य सेवाओं एवं जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आग्रह किया।
आयुष विभाग के अधिकारियों ने कहा कि आयुष ग्राम पहल के तहत जिले के चयनित गांवों में चरणबद्ध रूप से इस प्रकार के शिविर आयोजित किए जाएंगे ताकि ग्रामीण जनता को उनके घर के निकट ही सुलभ, सस्ती और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर स्वास्थ्य जांच करवाई और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। शिविर की सफलता में डॉ. संतोष, डॉ. स्मृति, धर्मवीर, अनुराधा, अनु, राय सिंह व अशोक कुमार का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।
