करनाल, 18 अगस्त। प्रेम नगर वार्ड नंबर 17 स्थित हनुमान मंदिर पार्क इन दिनों बदहाली का शिकार है। करीब तीन महीने पहले नगर निगम की ओर से पार्क में पानी का सबमर्सिबल लगाने का कार्य किया गया था। इसके लिए पार्क में लगे बेंच, झूले और अन्य सुविधाओं को हटाया गया था, लेकिन सबमर्सिबल लगने के बाद पार्क की दोबारा मरम्मत और व्यवस्थित करने की ओर ध्यान नहीं दिया गया। नतीजा यह है कि पार्क में जगह-जगह मिट्टी और बजरी के ढेर लगे हैं तथा पैदल चलने के लिए बनाए गए रास्ते की टाइलें उखड़कर बिखरी पड़ी हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पार्क में सुबह-शाम बड़ी संख्या में लोग सैर करने और बच्चे खेलने के लिए आते हैं, लेकिन मौजूदा स्थिति के कारण उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर रास्ता पूरी तरह खराब हो चुका है। पार्क के अंदर जमीन समतल नहीं है और जगह-जगह घास व झाड़ियां उगी हुई हैं।
टूटे पड़े हैं ओपन जिम के उपकरण और झूले
पार्क में लोगों की सुविधा के लिए लगाए गए ओपन जिम के उपकरण भी लंबे समय से खराब हालत में हैं। तस्वीरों में कई उपकरणों के हिस्से टूटे और क्षतिग्रस्त नजर आ रहे हैं। बच्चों के लिए लगाए गए झूले और स्लाइड भी रखरखाव के अभाव में खराब हो रहे हैं। कुछ उपकरणों की हालत ऐसी है कि उनका इस्तेमाल करना बच्चों और बुजुर्गों के लिए चोट का कारण बन सकता है।
वार्ड निवासी अशोक, रिंकू, कैलाश, जितेंद्र व सुमित्रा ने बताया कि सबमर्सिबल लगाने के लिए पार्क को पूरी तरह खोद दिया गया। पार्क में जगह-जगह लगी टाइलें भी टूट चुकी हैं और कई टाइलें अपनी जगह से निकल गई हैं। इससे पैदल चलते समय लोगों के ठोकर लगने का खतरा बना रहता है। वहीं पार्क के कुछ हिस्सों में पानी जमा होने के कारण कीचड़ जैसी स्थिति भी दिखाई दे रही है।
बार-बार शिकायत के बावजूद नहीं हुई सुनवाई
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पार्क की बदहाली को लेकर स्थानीय पार्षद और संबंधित अधिकारियों को कई बार अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी तक पार्क की सुध नहीं ली गई। लोगों का कहना है कि यदि नगर निगम ने सबमर्सिबल लगाने के लिए पार्क को खोदा था तो काम पूरा होने के बाद पार्क की पहले जैसी व्यवस्था बहाल करना भी उसकी जिम्मेदारी है।
स्थानीय लोगों ने नगर निगम से मांग की है कि पार्क में उखड़ी टाइलों को दोबारा लगाया जाए, मिट्टी और बजरी को हटाकर जमीन को समतल किया जाए, टूटे हुए ओपन जिम उपकरण और झूलों की मरम्मत कराई जाए तथा पार्क की नियमित साफ-सफाई और रखरखाव सुनिश्चित किया जाए।
लोगों का कहना है कि पार्क क्षेत्र के लोगों के लिए स्वास्थ्य और मनोरंजन का महत्वपूर्ण स्थान है। ऐसे में इसकी अनदेखी से लोगों को परेशानी होने के साथ-साथ सरकारी सुविधाओं पर खर्च होने वाली राशि का उद्देश्य भी प्रभावित हो रहा है। अब देखना होगा कि नगर निगम और स्थानीय जनप्रतिनिधि इस बदहाल पार्क की सुध कब लेते हैं।
