करनाल, 4 अगस्त। भारत सरकार के महानिदेशक अग्निशमन सेवाएं, सिविल डिफेंस एवं होम गार्ड द्वारा जारी निर्देशों तथा महा आदेशक गृह रक्षी एवं निदेशक नागरिक सुरक्षा, हरियाणा, चंडीगढ़ के दिशा-निर्देशों के अनुरूप मंगलवार को करनाल के लघु सचिवालय स्थित डीआरओ कार्यालय में सिविल डिफेंस की ओर से मॉक ड्रिल आयोजित की गई। इस अभ्यास का उद्देश्य हवाई हमले जैसी आपात परिस्थितियों एवं अन्य आपदाओं के दौरान प्रशासन, सिविल डिफेंस तथा संबंधित विभागों की तैयारियों का आकलन करना और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना था।
मॉक ड्रिल में सिविल डिफेंस, जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन सेवा तथा अन्य संबंधित एजेंसियों ने संयुक्त रूप से भाग लिया। अभ्यास के दौरान आपदा अथवा आपात स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों का वास्तविक परिस्थितियों के अनुरूप प्रदर्शन किया गया।
मॉक ड्रिल के दौरान हवाई हमले की पूर्व चेतावनी प्रणाली एवं चेतावनी सायरन बजाने का अभ्यास किया गया। इसके साथ ही निर्धारित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बंद कर ब्लैकआउट की प्रक्रिया, नागरिकों एवं कर्मचारियों को सुरक्षित स्थानों तथा निर्धारित आश्रय स्थलों तक पहुंचाने, खोज एवं बचाव अभियान संचालित करने, प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने तथा क्षतिग्रस्त भवन से लोगों को सुरक्षित निकालने का अभ्यास भी किया गया। इसके अतिरिक्त घायलों को एम्बुलेंस के माध्यम से अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था का प्रदर्शन किया गया। अभ्यास की समाप्ति पर ‘ऑल क्लियर’ सायरन बजाकर मॉक एक्सरसाइज का सफल समापन किया गया।
इस अवसर पर एसडीएम करनाल देवेंद्र शर्मा ने कहा कि इस प्रकार की मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा अथवा आपातकालीन स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना, विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को मजबूत करना तथा आमजन की सुरक्षा के लिए व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाना है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि इस प्रकार के अभ्यास के दौरान किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें तथा प्रशासन का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि समय-समय पर आयोजित होने वाली ऐसी मॉक एक्सरसाइज से आपदा प्रबंधन व्यवस्था अधिक सुदृढ़ होती है तथा किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों को मजबूती मिलती है।
