अंबाला। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट द्वारा सतलुज फिल्म को रलीज करने की सुनवाई को इंकार कर दिया जो हाईकोर्ट का फैसला पंजाब की अमन और शांति के लिए एक अहम कदम है। वीरेश शांडिल्य ने कहा सतलुज फिल्म पर लगी रोक को हटाने के लिए हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर हुई थी जिस पर हाईकोर्ट ने सुनवाई से इंकार कर दिया। पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट ने शुक्रवार को पंजाबी सिंगर व एक्टर दिलजीत दोसांझ की फिल्म सतलुज को ओटीटी प्लेटफार्म पर दिखाने वाली एक जनहित याचिका पर विचार करने से मना कर दिया। वीरेश शांडिल्य ने कहा कि हाईकोर्ट की खंडपीठ का सतलुज फिल्म पर सुनवाई न करके और याचिकाकर्ता को किसी किस्म की राहत न देते हुए पंजाब को अमन और शांति की तरफ बढ़ाने का काम किया। वीरेश शांडिल्य ने कहा एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया लगातार जसवंत सिंह खालड़ा पर आधारित फिल्म सतलुज का विरोध कर रहा है और लगातार इस फिल्म को न चलने को लेकर मुहिम छेड़े हुए हैं। वीरेश शांडिल्य ने कहा कि यदि दिलजीत दोसांझ की फिल्म सतलुज पंजाब में आतंकवाद फैलाने की साजिश है यदि केंद्र सरकार ने इस फिल्म पर लगाए रोक को हटाया तो उनका संगठन एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर करेंगा। वीरेश शांडिल्य ने कहा इससे पहले भी 2004 व 2008 में पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह के हत्यारे जगतार सिंह हव्वारा व परमजीत सिंह भ्यौरा के खिलाफ पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की थी। वीरेश शांडिल्य ने कहा सतलुज फिल्म की सुनवाई पर हाईकोर्ट ने इंकार कर पंजाब हरियाणा चंडीगढ़ की नहीं बल्कि पूरे देश की एकता और अखंडता को मजबूत किया और संविधान को संरक्षण दिया। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने कहा सतलुज फिल्म पंजाब मे आतंकवाद लाने की विदेशों ताकतों की और पाकिस्तान की सोची समझी साजिश है और पंजाब में हिन्दू सिख भाईचारे को लड़वाने के लिए इस फिल्म को खालीस्तानी व कट्टरपंथी पंजाब में सतलुज फिल्म चलवाना चाहते हैं लेकिन एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया खालीस्तानियों के मंसूबों को कामयाब नहीं होने देगा।
