भर्तियां न होने के कारण सरकारी विभागोें में कर्मचारियों की कमी : जगबीर जोगनाखेड़ा
बेरोजगारी व अन्य मुद्दों को लेकर आम आदमी पार्टी कार्यकर्ता आज उपायुक्त को सौपेंगे ज्ञापन
कुरुक्षेत्र, 27 जून। आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष जगबीर जोगनाखेड़ा ने कहा कि प्रदेश सरकार की नीतियों के कारण हर वर्ग परेशान है। प्रदेश में बेरोजगारी की दर लगातार बढ़ती जा रही है। हरियाणा में शिक्षित युवा बेरोजगार घूम रहे हैं। आज हर तीसरा युवा बेरोजगार है। प्रदेश के सरकारी विभागों में कर्मचारियों की कमी है। लोगों के कार्य समय पर पूरे नही हो रहे है। अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी है। इन सभी मुद्दोें को लेकर आम आदमी पार्टी कार्यकर्ता 28 जून को जिलास्तर पर डीसी के मार्फ्त मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजेंगे। इसके अलावा 29 जून को पार्टी हाईकमान के निर्देशानुसार प्रदेश स्तरीय प्रदर्शन किया जाएगा। जगबीर जोगनाखेड़ा रेड रोड स्थित एक निजी होटल में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उनके साथ कुरुक्षेत्र लोकसभा प्रभारी सुमित हिंदुस्तानी व सीवाईएसएसए के कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय अध्यक्ष भारत बराड़ भी मौजूद रहे। जगबीर जोगनाखेड़ा ने कहा कि आज हरियाणा में शिक्षित बेरोजगारों की संख्या लगभग पच्चीस लाख के करीब है। सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी की रिपोर्ट के अनुसार हरियाणा में प्रत्येक तीन स्नातक युवाओं में एक बेरोजगार युवा है। बीस वर्ष से चौबीस वर्ष तक के पढ़े-लिखे युवा बेरोजगारों की संख्या लगभग बीस लाख है। जो युवा स्नातक हैं और इस से भी ऊपर की योग्यता रखते हैं उनकी संख्या 6 लाख से ऊपर है। दसवीं से बारहवीं पास बेरोजगार युवाओं की संख्या 19 लाख के करीब है। उन्होंने कहा कि हर साल 5 हजार कर्मचारियों की रिटायरमेंट होती है। हरियाणा में आबादी और वर्क लोड के अनुसार लगभग नौ लाख कर्मचारियों की जरूरत है जबकि नियमित कर्मचारियों की संख्या तीन लाख चालीस हजार के करीब है। नई भर्ती का आंकड़ा बहुत कम है। हरियाणा में आबादी के हिसाब से दस हजार डॉक्टर होने चाहिए। अभी प्रदेश में चार हजार डाक्टर ही काम कर रहे हैं। देश में एमडी डाक्टर के 241 पदों में से 91 पद खाली है व महिला रोग विशेषज्ञ 193 में से 98 पद खाली है। कुरुक्षेत्र लोकसभा के अध्यक्ष सुमित हिंदुस्तानी ने कहा कि सरकार सरकारी नौकरियां खत्म कर रही है। सरकारी संस्थानों को धीरे-धीरे खत्म किया जा रहा है। 9 साल से बीजेपी अपनी उपलब्धियां गिनवा रही है जबकि प्रदेश में दो लाख पद खाली पड़े हैं। जो 9 सालों से नहीं भरे हैं। इन पदों पर कोई भर्ती को नहीं किया इन्हीं गलत नीतियों के कारण हरियाणा का युवा परेशान है बेरोजगार है।
