अंबाला। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने कहा कि दलजीत दोशांझ द्वारा बनाई सतलुज फिल्म पंजाब के युवाओं को भड़काकर पंजाब में आतंकवाद लाने की बड़ी साजिश है इसलिए इस फिल्म को देश के गृह मंत्री अमित शाह देश की एकता और अखंडता को मजबूत करते हुए सतलुज फिल्म को जड़ से खत्म करने का आदेश जारी करें। वीरेश शांडिल्य आज पत्रकारों से बात कर रहे थे उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के फैसले का स्वागत करते हैं जो केंद्र सरकार ने सतलुज फिल्म पर रोक लगा दी। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने कहा कि काले दौर को फिर जीवित करने की दलजीत दोशांझ ने क्यों साजिश की एनआईए जांच करें और क्योंकि इस फिल्म को कट्टरपंथी खालिस्तानी प्रमोट करने की साजिश रच रहे हैं लेकिन एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया पंजाब में फिर आतंकवाद लाने की साजिश रचने नहीं देगा और पंजाब की सड़कों को निर्दोषों के खून से लाल नहीं होने देगा इसके लिए अगर जरूरत पड़ी तो एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया हाईकोर्ट व सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाने के लिए तैयार रहेगा। शांडिल्य ने कहा कि यह पहला मौका नहीं है जब उनका संगठन पंजाब की अमन की लड़ाई लड़ रहा है जब पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री शहीद बेअंत सिंह के हत्यारे बब्बर खालसा के आतंकवादी जगतार सिंह हवारा, परमजीत सिंह भ्यौरा ने 2004 में बुडैल जेल में सुरंग खोद कर फरार होने की साजिश रची थी तो उनके एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया ने पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की थी और उस पर अहम फैसला आया था। यही नहीं शांडिल्य ने कहा जब जगतार सिहं हवारा व अन्य आतंकवादी तिहाड़ जेल से चंडीगढ़ व रोपड़ की अदालतो में बाई रोड पेश होने आते थे तो उनकी सुरक्षा पर करोड़ों खर्च होता था लेकिन एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया ने 2008 में हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की थी कि बेअंत सिंह के हत्यारें आतंकवादी जगतार सिंह हवारा व अन्य आतंकवादियों की सुनवाई वीडियो कांफ्रेंसिंग से हो जिसे हाईकोर्ट ने स्वीकार किया। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने कहा कि सतलुज फिल्म न केवल भारत में बल्कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इसे अन्य देशों में जहां यह चल रही है वहां भी सतलुज फिल्म को बंद करवाने के लिए आगे आना चाहिए। दलजीत दोशांझ ने सतलुज फिल्म बनाकर पंजाब में फिर आतंकवाद लाने व युवाओं को पंजाब पुलिस के खिलाफ भड़काने व सतलुज फिल्म के माध्यम से पंजाब के युवाओं को हथियार उठाने की साजिश रची है लेकिन एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया किसी कीमत पर भी दजलीत दोशांझ की सतलुज फिल्म चलने नहीं देगा क्योंकि यह फिल्म पंजाब की अमन और शांति के लिए बड़ा खतरा है और इस फिल्म को चलाने की मांग करने वाले भी कट्टरपंथी है और यह फिल्म हिन्दू सिख भाईचारे को कमजोर करने की बड़ी साजिश का हिस्सा है। इस मौके पर राजीव गोयल, मंथन, राजन बारू, मोनू सहित फ्रंट के कार्यकर्ता मौजूद थे।
