करनाल, 4 जुलाई
स्थानीय सेवाश्री आश्रम में सेवा भारती, करनाल तथा भारत विकास परिषद्, कर्ण शाखा द्वारा संचालित माता जीजाबाई स्वरूप निखार प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षण प्राप्त कर रही बहनों एवं बालिकाओं को ओर अधिक दक्ष, आत्मविश्वासी तथा स्वावलंबी बनाने हेतु विशेष कक्षा का आयोजन किया गया।
भाविप कर्ण शाखा की अध्यक्ष डॉ. रचना चौधरी और इस स्थाई प्रकल्प की संरक्षक श्रीमती ज्योति चौधरी तथा भाविप कर्ण शाखा की टीम के द्वारा इस प्रशिक्षण केंद्र में हरियाणा की सुप्रसिद्ध रूप सज्जा विशेषज्ञ तारा कटारिया का विशेष लेक्चर रखा गया। जिसमें बहन तारा कटारिया ने बच्चियों को अत्यंत सहज एवं आत्मीय भाव से रूप सज्जा के विभिन्न कार्यों की आधुनिक कार्यप्रणाली, तकनीकों तथा व्यावहारिक अनुभवों को विस्तारपूर्वक साझा किया। प्रशिक्षण प्राप्त कर रही सभी बहनों ने पूरे मनोयोग एवं उत्साह के साथ उनकी बातों को समझा और अपने कौशल को निखारने का संकल्प लिया।
डॉ. रचना चौधरी ने बहनों को जीवन में संस्कारों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि कौशल के साथ-साथ उत्तम संस्कार ही व्यक्ति को समाज में सम्मान और सफलता प्रदान करते हैं।
इस प्रकल्प की संरक्षक श्रीमती ज्योति चौधरी ने रूप सज्जा प्रकल्प को ओर अधिक प्रभावी एवं उन्नत बनाने के लिए अनेक उपयोगी सुझाव दिए, जिससे भविष्य में अधिक से अधिक बहनों को इसका लाभ मिल सके।
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के सदस्य, कपिल अत्रेजा ने स्वावलंबन के विषय पर सभी बहनों से आह्वाहन किया कि वे अपने कौशल और परिश्रम के बल पर आत्मनिर्भर बन सकती है तथा समाज और राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
इस अवसर पर सेवा भारती के ज़िला पालक सुरेंद्र गोयल ने सेवा भारती द्वारा शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वावलंबन एवं सामाजिक समरसता के क्षेत्र में किए जा रहे विभिन्न सेवा कार्यों का विस्तृत परिचय कराया तथा सेवा के माध्यम से समाज परिवर्तन की प्रेरणा दी।
सेवाव्रती नरेश माटा ने सेवा भारती के बाल संस्कार केंद्रों की जानकारी साझा करते हुए उनके उद्देश्य एवं समाज में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला।
अंत में सेवा भारती के जिलाध्यक्ष विपिन अरोड़ा ने आए हुए सभी सदस्यों व अतिथियों का धन्यवाद किया और सभी से निवेदन किया कि भविष्य में भी इसी प्रकार से अपना सहयोग एवं सेवाएं निरन्तर प्रदान करते रहें।
कार्यक्रम के दौरान कर्ण शाखा से डॉ आशीष पसरीचा, प्रणव जावा, भीम सिंह, स्वतंत्र कुकरेजा, बिजली बोर्ड XEN रणदीप चौहान, अजय आर्य, रौशन आर्य, रजनी भारती आदि उपस्थित रहे।
यह कार्यक्रम केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि बहनों में आत्मविश्वास जागृत करने, सेवा, संस्कार, स्वावलंबन और समाज के प्रति उत्तरदायित्व की भावना को सुदृढ़ करने का एक सशक्त माध्यम बना।
