करनाल 11 जून, एकादशी के पावन अवसर पर नगर निगम करनाल द्वारा निगम कार्यालय परिसर में शबील एवं भंडारे का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ विधायक जगमोहन आनंद एवं महापौर रेणु बाला गुप्ता ने श्रद्धालुओं एवं नागरिकों को प्रसाद वितरित कर किया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया तथा शबील से शीतल जल का सेवन किया।
विधायक जगमोहन आनंद ने सेवा को बताया सबसे बड़ा धर्म।
इस अवसर पर विधायक जगमोहन आनंद ने कहा कि भारतीय संस्कृति में सेवा को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। एकादशी जैसे पावन अवसर पर जरूरतमंदों, राहगीरों और आमजन की सेवा करना अत्यंत पुण्य का कार्य है। उन्होंने कहा कि नगर निगम करनाल द्वारा पिछले कई वर्षों से लगातार इस प्रकार के सेवा कार्यों का आयोजन किया जा रहा है, जो सराहनीय है।
विधायक ने कहा कि भीषण गर्मी के मौसम में शबील लगाकर लोगों को राहत पहुंचाना और भंडारे के माध्यम से प्रसाद वितरित करना समाज के प्रति संवेदनशीलता का परिचायक है। उन्होंने निगम अधिकारियों एवं कर्मचारियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे अपनी प्रशासनिक जिम्मेदारियों के साथ-साथ सामाजिक दायित्वों का भी सफलतापूर्वक निर्वहन कर रहे हैं। उन्होंने सभी नागरिकों से भी सेवा और परोपकार के कार्यों में बढ़-चढक़र भाग लेने का आह्वान किया।
महापौर रेणु बाला गुप्ता ने सामाजिक सरोकारों को बताया आवश्यक।
महापौर रेणु बाला गुप्ता ने कहा कि धार्मिक और सामाजिक गतिविधियां समाज को जोडऩे का कार्य करती हैं। नगर निगम केवल विकास कार्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक एवं मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करने के लिए भी निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि निगम परिवार द्वारा एकादशी पर आयोजित यह सेवा कार्यक्रम जनकल्याण की भावना का उत्कृष्ट उदाहरण है।
महापौर ने कहा कि भीषण गर्मी में राहगीरों और कार्यालयों में आने वाले लोगों को शीतल जल एवं भोजन उपलब्ध कराना मानव सेवा का महत्वपूर्ण कार्य है। उन्होंने निगम अधिकारियों और कर्मचारियों की सराहना करते हुए कहा कि सेवा भावना के साथ किया गया प्रत्येक कार्य समाज में सकारात्मक संदेश देता है। उन्होंने नागरिकों से भी अपील की कि वे जरूरतमंदों की सहायता करें तथा गर्मी के मौसम में पशु-पक्षियों के लिए भी पानी की व्यवस्था अवश्य करें।
पक्षियों के लिए भी दिखाई संवेदनशीलता।
एकादशी के अवसर पर नगर निगम कार्यालय की छत पर पक्षियों के लिए मिट्टी के बर्तनों में स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था भी की गई। इस दौरान विधायक, महापौर, वार्ड पार्षद राजेश अग्गी व निगम अधिकारियों ने मिट्टïी के बर्तनों में पेयजल भरा और पक्षियों के संरक्षण और पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए यह पहल की। उन्होंने नागरिकों से भी अपील की कि गर्मी के मौसम में अपने घरों, दुकानों और संस्थानों में पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था अवश्य करें।
वर्षों से निभाई जा रही सेवा की परंपरा।
नगर निगम करनाल पिछले लगभग 7-8 वर्षों से एकादशी के अवसर पर शबील एवं भंडारे का आयोजन करता आ रहा है। इस सेवा कार्य के माध्यम से निगम कार्यालय, लघु सचिवालय, न्यायालय परिसर, विभिन्न सरकारी कार्यालयों तथा राजकीय एवं निजी बैंकों में आने वाले हजारों नागरिकों को प्रसाद एवं शीतल पेयजल उपलब्ध कराया जाता है। भंडारे में श्रद्धालुओं एवं आमजन के लिए जीरा आलू, हलवा, काले चने तथा शबील की व्यवस्था की गई। भीषण गर्मी के मौसम में लगाई गई शबील से बड़ी संख्या में लोगों ने राहत प्राप्त की और नगर निगम के इस प्रयास की सराहना की।
अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने संभाली सेवा की कमान
कार्यक्रम में अतिरिक्त निगम आयुक्त अशोक कुमार, संयुक्त आयुक्त दलजीत सिंह, उप निगम आयुक्त विनोद नेहरा सहित नगर निगम के सभी शाखा अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। सभी ने स्वयं प्रसाद वितरण, शबील संचालन एवं आगंतुकों की सेवा में सहयोग प्रदान किया।
अधिकारियों ने कहा कि सेवा कार्य भारतीय संस्कृति का अभिन्न हिस्सा हैं। ऐसे आयोजनों से समाज में सहयोग, समर्पण और परोपकार की भावना को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने बताया कि नगर निगम भविष्य में भी सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन करता रहेगा।
विधायक जगमोहन आनंद ने सेवा को बताया सबसे बड़ा धर्म।
इस अवसर पर विधायक जगमोहन आनंद ने कहा कि भारतीय संस्कृति में सेवा को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। एकादशी जैसे पावन अवसर पर जरूरतमंदों, राहगीरों और आमजन की सेवा करना अत्यंत पुण्य का कार्य है। उन्होंने कहा कि नगर निगम करनाल द्वारा पिछले कई वर्षों से लगातार इस प्रकार के सेवा कार्यों का आयोजन किया जा रहा है, जो सराहनीय है।
विधायक ने कहा कि भीषण गर्मी के मौसम में शबील लगाकर लोगों को राहत पहुंचाना और भंडारे के माध्यम से प्रसाद वितरित करना समाज के प्रति संवेदनशीलता का परिचायक है। उन्होंने निगम अधिकारियों एवं कर्मचारियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे अपनी प्रशासनिक जिम्मेदारियों के साथ-साथ सामाजिक दायित्वों का भी सफलतापूर्वक निर्वहन कर रहे हैं। उन्होंने सभी नागरिकों से भी सेवा और परोपकार के कार्यों में बढ़-चढक़र भाग लेने का आह्वान किया।
महापौर रेणु बाला गुप्ता ने सामाजिक सरोकारों को बताया आवश्यक।
महापौर रेणु बाला गुप्ता ने कहा कि धार्मिक और सामाजिक गतिविधियां समाज को जोडऩे का कार्य करती हैं। नगर निगम केवल विकास कार्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक एवं मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करने के लिए भी निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि निगम परिवार द्वारा एकादशी पर आयोजित यह सेवा कार्यक्रम जनकल्याण की भावना का उत्कृष्ट उदाहरण है।
महापौर ने कहा कि भीषण गर्मी में राहगीरों और कार्यालयों में आने वाले लोगों को शीतल जल एवं भोजन उपलब्ध कराना मानव सेवा का महत्वपूर्ण कार्य है। उन्होंने निगम अधिकारियों और कर्मचारियों की सराहना करते हुए कहा कि सेवा भावना के साथ किया गया प्रत्येक कार्य समाज में सकारात्मक संदेश देता है। उन्होंने नागरिकों से भी अपील की कि वे जरूरतमंदों की सहायता करें तथा गर्मी के मौसम में पशु-पक्षियों के लिए भी पानी की व्यवस्था अवश्य करें।
पक्षियों के लिए भी दिखाई संवेदनशीलता।
एकादशी के अवसर पर नगर निगम कार्यालय की छत पर पक्षियों के लिए मिट्टी के बर्तनों में स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था भी की गई। इस दौरान विधायक, महापौर, वार्ड पार्षद राजेश अग्गी व निगम अधिकारियों ने मिट्टïी के बर्तनों में पेयजल भरा और पक्षियों के संरक्षण और पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए यह पहल की। उन्होंने नागरिकों से भी अपील की कि गर्मी के मौसम में अपने घरों, दुकानों और संस्थानों में पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था अवश्य करें।
वर्षों से निभाई जा रही सेवा की परंपरा।
नगर निगम करनाल पिछले लगभग 7-8 वर्षों से एकादशी के अवसर पर शबील एवं भंडारे का आयोजन करता आ रहा है। इस सेवा कार्य के माध्यम से निगम कार्यालय, लघु सचिवालय, न्यायालय परिसर, विभिन्न सरकारी कार्यालयों तथा राजकीय एवं निजी बैंकों में आने वाले हजारों नागरिकों को प्रसाद एवं शीतल पेयजल उपलब्ध कराया जाता है। भंडारे में श्रद्धालुओं एवं आमजन के लिए जीरा आलू, हलवा, काले चने तथा शबील की व्यवस्था की गई। भीषण गर्मी के मौसम में लगाई गई शबील से बड़ी संख्या में लोगों ने राहत प्राप्त की और नगर निगम के इस प्रयास की सराहना की।
अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने संभाली सेवा की कमान
कार्यक्रम में अतिरिक्त निगम आयुक्त अशोक कुमार, संयुक्त आयुक्त दलजीत सिंह, उप निगम आयुक्त विनोद नेहरा सहित नगर निगम के सभी शाखा अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। सभी ने स्वयं प्रसाद वितरण, शबील संचालन एवं आगंतुकों की सेवा में सहयोग प्रदान किया।
अधिकारियों ने कहा कि सेवा कार्य भारतीय संस्कृति का अभिन्न हिस्सा हैं। ऐसे आयोजनों से समाज में सहयोग, समर्पण और परोपकार की भावना को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने बताया कि नगर निगम भविष्य में भी सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन करता रहेगा।
