कुरुक्षेत्र। जोड़ों के दर्द, घुटनों का दर्द, साइटिका तथा मांसपेशियों की जकड़न से पीड़ित मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। श्री कृष्ण आयुष विश्वविद्यालय के आयुर्वेदिक अस्पताल में कुलपति प्रोफेसर वैद्य करतार सिंह धीमान के मार्गदर्शन में शल्य तंत्र विभाग द्वारा अस्थि-संधि एवं मर्म रोगों की विशेष ओपीडी (कमरा नंबर-46) शुरू की गई है।
आयुर्वेदिक अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक प्रोफेसर डॉ. राजा सिंगला ने बताया कि शल्य तंत्र विभाग द्वारा संचालित इस विशेष ओपीडी में जोड़ों का दर्द, घुटनों का दर्द, कमर दर्द, गर्दन दर्द, साइटिका, मांसपेशियों की जकड़न तथा अन्य अस्थि-संधि संबंधी समस्याओं का आयुर्वेदिक सिद्धांतों के अनुसार उपचार किया जाएगा।
बता दें कि इस विशेष ओपीडी में शल्य तंत्र विभाग के अध्यक्ष प्रो. राजेंद्र सिंह चौधरी, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अनामिका,सहायक प्रोफेसर डॉ. पूजा आर्य और डॉ. ज्योति सैनी सेवाएं देंगी।
डॉ. अनामिका ने बताया कि आयुर्वेद में मर्म चिकित्सा का विशेष महत्व है, जिसमें शरीर के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर कार्य कर दर्द में शीघ्र राहत प्राप्त की जाती है। यह पद्धति रोग के मूल कारण को दूर करने में सहायक होती है और मरीजों को दीर्घकालिक लाभ प्रदान करती है। उपचार में आयुर्वेदिक औषधियों के साथ-साथ अग्निकर्म, क्षारकर्म तथा अन्य पारंपरिक शल्य एवं अनु शल्य चिकित्सा विधियों का भी उपयोग किया जाएगा, जिससे दर्द और सूजन में प्रभावी राहत मिलती है। इस विशेष ओपीडी के शुरू होने से क्षेत्र के मरीजों को बेहतर आयुर्वेदिक उपचार सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।
