करनाल, 7 अगस्त। एडीसी सोनू भट्ट के नेतृत्व में जिला स्तरीय निरीक्षण कमेटी ने किशोर न्याय अधिनियम के अंतर्गत वीरवार को एमडीडी बाल भवन का त्रैमासिक निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य संस्थान में रह रहे बच्चों को दी जा रही सुविधाओं, सुरक्षा उपायों, शिक्षा, स्वास्थ्य तथा भोजन व्यवस्था की समीक्षा करना था। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने संस्थान के विभिन्न कक्षों, रसोईघर, पुस्तकालय एवं आवासीय क्षेत्रों का दौरा किया।
इस दौरान एडीसी सोनू भट्ट ने संस्थान की व्यवस्थाओं में आवश्यक सुधारों के लिए संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों की देखभाल एवं उन्हें एक सुरक्षित, स्वच्छ और प्रेरणादायक वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष उमेश कुमार चांदना ने बच्चों से बातचीत की और उनकी जरूरतों व सुझावों को गंभीरता से सुना। उन्होंने आश्वासन दिया कि बच्चों की भलाई हेतु हर संभव प्रयास किए जाएंगे। डीसीपीओ रीना रानी ने निरीक्षण के दौरान संस्थान द्वारा अपनाई जा रही बाल संरक्षण नीतियों और प्रक्रियाओं की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि समय-समय पर ऐसे निरीक्षणों से संस्थानों की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता आती है और बच्चों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकती हैं। निरीक्षण के दौरान जे जे बी सदस्य बलराज सांगवान, जिला बाल कल्याण अधिकारी मंजू, पीओआईसी सुमन तथा डॉ हवा सिंह उपस्थित रहे ।
