कुरुक्षेत्र। शहर के प्रसिद्ध दुःखभंजन मंदिर में सोमवार को श्रद्धा और आस्था के साथ भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना की गई। बड़ी संख्या में शिव भक्तों ने मंदिर पहुंचकर शिवलिंग पर जलाभिषेक किया तथा परिवार और समाज की सुख-शांति एवं समृद्धि की कामना की। श्रद्धालुओं ने भोलेनाथ को रुद्राक्ष की माला और पुष्प अर्पित कर विधिवत पूजा की।
इस अवसर पर मंदिर परिसर में हवन यज्ञ का भी आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं ने पूर्णाहुति देकर विश्व कल्याण की प्रार्थना की। पूरे वातावरण में वैदिक मंत्रोच्चार और “हर-हर महादेव” के जयघोष से भक्तिमय माहौल बना रहा।
मंदिर के पुजारी सुशील कुमार शास्त्री ने कहा कि भगवान शिव भोले भंडारी हैं और समस्त सृष्टि के कल्याणकर्ता हैं। उन्होंने बताया कि सृष्टि के संतुलन और नवसृजन के लिए जीर्ण-शीर्ण एवं अनुपयोगी तत्वों का विनाश आवश्यक होता है। भगवान शिव संहार के माध्यम से नवजीवन और नए निर्माण का संदेश देते हैं। जब-जब संसार पर कोई संकट आया है, तब-तब भगवान शिव ने उसके समाधान का मार्ग प्रशस्त किया है।
इस धार्मिक आयोजन में ज्ञान चंद पराशर, कुलवंत सिंह भट्टी, मैनेजर एच.के. पाल, सुशील पुजारी, सुभाष सैनी, डॉ. श्याम लाल गुप्ता, संदीप मरवाह, जवाहर मौदगिल, ओमप्रकाश शर्मा, वेदभूषण अग्रवाल, राजकुमार शर्मा, ज्ञान चंद सिंघल, हर्षित मिगलानी, डॉ. सत्य नारायण शर्मा, कृष्ण किशोर शर्मा, मास्टर फूल सिंह, राजपाल कोहली, दर्शन पुरी, मनोहर लाल खुंगर, दर्शन पाहवा सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।
