घटना CCTV में हुई कैद। सुबह दूध निकालने गए किसान के उड़े होश। देर रात वारदात को दिया अंजाम। पुलिस जांच में जुटी, CCTV फुटेज खंगाले जा रहे।
रेवाड़ी में शहरी क्षेत्रों के साथ साथ अब ग्रामीण इलाकों में भी पशु चोरों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं। ताजा मामला रेवाड़ी जिले के कोसली क्षेत्र के गाँव लिलोढ से सामने आया है जहाँ बीती रात अज्ञात चोरों ने एक किसान के घर में पशु को निशाना बनाया। यह पूरी घटना वहां लगे CCTV में कैद हो गई जिसमें साफ तौर पर दिखाई दे रहा है कि खूंटे से बंधी एक कीमती भैंस चोर चुराकर रफूचक्कर हो गए। इस घटना के बाद से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और पशुपालकों में डर का माहौल बना हुआ है।
पीड़ित किसान राजकुमार के अनुसार रोजाना की तरह उन्होंने रात को अपनी भैंस को घर के आंगन में बने पशुघर में बांधा था। पूरा परिवार खाना खाकर सो गया था। देर रात जब हर तरफ सन्नाटा था, तब चोरों ने इस वारदात को अंजाम दिया। चोरों ने बेहद शातिर तरीके से भैंस की रस्सी खोलकर उसे चुपचाप बाहर निकाल लिया। वारदात इतनी खामोशी से की गई कि घर के किसी भी सदस्य को भनक तक नहीं लगी।रोज की तरह जब पीड़ित राजकुमार सुबह जल्दी दूध निकालने के लिए पशुघर में गया, तो वहाँ भैंस को गायब देखकर उसके होश उड़ गए। उसने तुरंत शोर मचाया, जिसके बाद आसपास के ग्रामीण भी मौके पर इकट्ठा हो गए। काफी खोजबीन और आस-पास के रास्तों पर पैरों के निशान ढूंढने के बाद भी भैंस का कहीं कोई सुराग नहीं मिला।
पीड़ित किसान ने बताया की वह भैंस हमारे घर की आजीविका का मुख्य साधन थी। वह काफी अच्छी नस्ल की थी और रोज़ाना भारी मात्रा में दूध देती थी। बाजार में उसकी कीमत करीब डेढ़ लाख रुपये के बीच थी। चोरों ने हमारी कमर ही तोड़ दी है। इस घटना से नाराज ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि रात के समय गाँव में पुलिस गश्त बढ़ाई जाए। ग्रामीणों का कहना है कि पिछले कुछ समय से क्षेत्र में आवारा तत्वों और संदिग्ध वाहनों की आवाजाही काफी बढ़ गई है। वहीं, पुलिस का दावा है कि जल्द ही चोरों को गिरफ्तार कर भैंस को बरामद कर लिया जाएगा। फिलहाल मामले की गहनता से जांच जारी है।
घटना की जानकारी तुरंत स्थानीय पुलिस थाने को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम ने गाँव लिलोड़ पहुंचकर घटनास्थल का मुआयना किया। पुलिस ने पीड़ित किसान की शिकायत के आधार पर अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।चोरों का सुराग लगाने के लिए पुलिस गाँव के मुख्य रास्तों और बाहरी मार्गों पर लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि संदिग्ध गाड़ियों या चोरों की आवाजाही का पता लगाया जा सके।
