झज्जर जिले में बिजली विभाग की कथित लापरवाही के चलते ठेकेदार के अंतर्गत कार्यरत एक कर्मचारी की करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ जब कर्मचारी प्रदीप अपने साथियों के साथ तलाव गांव के पास से गुजर रही 11 हजार वोल्टेज बिजली लाइन पर काम कर रहा था। बताया जा रहा है कि कर्मचारियों ने पहले बिजली विभाग से लाइन बंद करवाने का परमिट लिया था,लेकिन काम के दौरान अचानक लाइन में करंट छोड़ दिया गया,जिससे यह बड़ा हादसा हो गया।मिली जानकारी के अनुसार 40 वर्षीय प्रदीप पुत्र धर्मचंद निवासी गांव फतेहपुरी,जिला झज्जर अपने अन्य साथियों के साथ बिजली लाइन पर मरम्मत कार्य कर रहा था। इसी दौरान अचानक लाइन चालू हो गई और प्रदीप को जोरदार करंट लगा। करंट लगने से वह बिजली के खंभे से नीचे गिर पड़ा। हादसे के बाद उसके साथी तुरंत उसे इलाज के लिए झज्जर के एक निजी अस्पताल में लेकर पहुंचे,जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। मृतक प्रदीप विवाहित था और उसके परिवार में पत्नी,13 वर्षीय बेटी तथा दो छोटे बेटे हैं। प्रदीप करीब आठ वर्षों से ठेकेदार के अंतर्गत बिजली विभाग में कार्य कर रहा था और परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य था। हादसे के बाद परिवार और गांव में शोक का माहौल है। नागरिक अस्पताल में परिजनों और ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए और शव का पोस्टमार्टम करवाने से इनकार कर दिया। बाद में जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर परिजनों से बातचीत की और उन्हें उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस दौरान बादली से कांग्रेस विधायक कुलदीप वत्स भी नागरिक अस्पताल पहुंचे और परिजनों से मुलाकात की। विधायक ने घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए बिजली मंत्री अनिल विज से फोन पर बात की और दोषी अधिकारियों व ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। साथ ही मृतक परिवार को आर्थिक सहायता और सरकारी नौकरी देने की मांग भी उठाई। एसीपी अनिरुद्ध चौहान ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि बिजली लाइन पर कार्य किया जा रहा था और संबंधित कर्मचारियों व अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गई थी। इसके बावजूद किसी ने पीछे से लाइन चालू कर दी,जिसके चलते यह हादसा हुआ। पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर ठेकेदार और बिजली विभाग के एक अधिकारी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
