कुरुक्षेत्र, 11 मई। जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. मंजू शर्मा ने कहा कि जिला कारागार में बंदियों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य संवर्धन हेतु योग सत्र का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कारागार में उपस्थित कैदियों को विभिन्न योगासनों, प्राणायाम एवं ध्यान का अभ्यास करवाया गया तथा योग को दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया गया।
जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. मंजू शर्मा ने आज यहां जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य कैदियों के मानसिक तनाव को कम करना, आत्म-संयम एवं सकारात्मक सोच को बढ़ावा देना तथा उनके जीवन में स्वास्थ्य और अनुशासन का समावेश करना रहा। योगाभ्यास के माध्यम से उन्हें यह संदेश दिया गया कि नियमित योग करने से न केवल शारीरिक स्वास्थ्य में सुधार होता है, बल्कि मानसिक शांति एवं भावनात्मक संतुलन भी प्राप्त होता है।
उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम के अंतर्गत पुरुष कैदियों को कर्मवीर एवं वीरेंद्र सिंह (योग सहायक) द्वारा योग प्रोटोकॉल का अभ्यास करवाया गया, जबकि महिला कैदियों को सविता एवं पूनम देवी (योग सहायक) द्वारा योगाभ्यास कराया गया। सभी अधिकारियों ने इस पहल की सराहना करते हुए योग को स्वस्थ एवं सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का प्रभावी माध्यम बताया।
जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. मंजू शर्मा ने बताया कि आयुष विभाग द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में विभिन्न संस्थानों एवं सार्वजनिक स्थलों पर लगातार योग जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि समाज के प्रत्येक वर्ग तक आयुर्वेद एवं योग के लाभ पहुंचाए जा सकें। इस कार्यक्रम में जिला कारागार अधीक्षक धर्मवीर, उप अधीक्षक श्री रोहन सिंह एवं कांस्टेबल सुरेंद्र कुमार की विशेष उपस्थिति एवं सहयोग रहा।
