डॉ. राजेश वधवा/कुरूक्षेत्र।
“बुलेट रानी” रानी के नाम से देशभर में विख्यात राजलक्ष्मी मांडा वीरवार दोपहर धर्मनगरी कुरूक्षेत्र पहुंची। साधु मंडी में स्थित विनोद गर्ग के आवास पर उन्होंने बुद्धिजीवियों के साथ बैठक की।इस मौके पर हरि सिंह, विनोद गर्ग, अभिषेक गर्ग, लक्ष्मण दास सिंगला आदि ने उनका शाल पहनाकर, पुष्प गुच्छ भेंट कर स्वागत किया।पत्रकारों से बातचीत करते हुए राजलक्ष्मी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम का स्वागत करते हुए इसे नारी सशक्तिकरण की दिशा में एक अहम कदम बताया। राजलक्ष्मी मांडा ने बताया कि वे सोशल एक्टिविस्ट हैं, मुख्य रूप से सनातन धर्म, भारतीय संस्कृति और राष्ट्रीय जागरूकता के संदेश के साथ बुलेट मोटरसाइकिल से लंबी यात्राएं करती हैं। प्रयागराज कुंभ 2025 यात्रा के दौरान जनवरी 2025 में, उन्होंने उत्तर प्रदेश के 32 जिलों में लगभग 2000 किलोमीटर की बुलेट यात्रा शुरू की। जिसका उद्देश्य सनातन धर्म और कुंभ स्नान के महत्व के बारे में जागरूकता फैलाना था।लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान उन्होंने ‘वोट फॉर नेशन, वोट फॉर मोदी’ का संदेश लेकर 65 दिनों में 21,000 किलोमीटर की यात्रा की, जिसमें 15 राज्यों को कवर किया। फिलहाल वे उत्तरप्रदेश के भदोही में भव्य शिव मंदिर के निर्माण कार्य में जुटी हैं। वे भारी-भरकम शिवलिंग को ट्रक में लेकर हजारों किलोमीटर की यात्रा कर चुकी हैं और उनके नाम कई रिकॉर्ड दर्ज हैं। वे सनातन बोर्ड के गठन का समर्थन और लोगों को अपनी संस्कृति से जुड़ने का संदेश देती हैं। वे भदोही, उत्तर प्रदेश से हैं और उन्हें ‘बुलेट रानी’ और ‘मां’ के नाम से जाना जाता है।
