किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षित भविष्य की गारंटी
पिहोवा, 3 मार्च। वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनीषा सिंह ने कहा कि महिलाओं में दूसरा सबसे आम सर्वाइकल कैंसर से लड़ने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए सिविल अस्पताल एचपीवी वैक्सीनेशन अभियान की शुरुआत की गई है। अहम पहलू यह है कि यह राष्ट्रीय अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 28 फरवरी 2026 को अजमेर, राजस्थान से लॉन्च किया गया, जबकि हरियाणा में इसका शुभारंभ मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने लाडवा से शुरुआत की गई थी।
वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनीषा सिंह ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर मुख्य रूप से ह्यूमन पैपिलोमा वायरस के कारण होता है, जो भारत में महिलाओं में कैंसर का प्रमुख कारण है। उन्होंने कहा कि इस सर्वाइकल कैंसर को एचपीवी वैक्सीन से इसे 93-100 प्रतिशत तक रोका जा सकता है। यह वैक्सीन पूरी तरह से सुरक्षित है, बल्कि निजी क्षेत्र में हजारों रुपए की लागत वाली यह वैक्सीन अब सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर पूरी तरह नि:शुल्क उपलब्ध है। यह वैक्सीन 14 वर्ष पूर्ण कर चुकीं लेकिन 15 वर्ष से कम आयु की किशोरियां (राष्ट्रीय अभियान के अनुसार) को लगाई जाती है। यह वैक्सीन एक ही डोज में दी जाती है (गार्डासिल-4) यह 3 महीने का विशेष अभियान राष्ट्रीय स्तर पर चलाया जा रहा है।
जिसका पंजीकरण यू विन पोर्टल पर ऑनलाइन या वॉक-इन सुविधा उपलब्ध के साथ उपलब्ध है। डॉ. मनीषा सिंह ने अभिभावकों से अपील की कि वह अफवाहों और भ्रांतियों से दूर रहें। अपनी बेटियों के उज्ज्वल, स्वस्थ और कैंसर-मुक्त भविष्य के लिए एचपीवी वैक्सीन लगवाएं। यह एक छोटा कदम है, लेकिन यह उनके जीवन भर की सुरक्षा सुनिश्चित करेगा।
