करनाल, 9 फरवरी। जिला मुख्यालय और उपमंडल स्तर पर आयोजित साप्ताहिक समाधान शिविर में आज 12 शिकायतें आईं। इन्हें समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए।
करनाल जिला सचिवालय में आयोजित समाधान शिविर में आज 9 शिकायतें आईं जिनकी एसडीएम प्रदीप कुमार ने सुनवाई की। उन्होंने इन शिकायतों के समाधान के निर्देश संबंधित विभाग के अधिकारियों को दिए। करनाल में तीन शिकायतें क्रिड से संबंधित थी। ब्रास गांव के राजबीर ने परिवार पहचान पत्र में आय ठीक करने, चौगामा की बचनी देवी ने विधवा पैंशन बनवाने और सेक्टर 34 करनाल के रवींद्र कुमार ने पैंशन की गुहार लगाई। नगला मेघा के ग्रामीणों ने गुरूद्वारा के पास प्लास्टिक का सामान जलाने पर रोक लगाने की मांग की। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक जलाने से जहरीलें गैसों के कारण प्रदूषण बढ़ रहा है, जिसका असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। एसडीएम ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों को उचित कदम उठाने के निर्देश दिए।
शिविर में आज आई दो शिकायतें राजस्व विभाग से संबंधित थीं। अंजनथली के सुभाष चंद ने मेरी फसल मेरी ब्यौरा में पंजीकरण कराने और सेकटर 8 के अशोक कुमार ने ऑन लाईन रिकार्ड में रकबा ठीक करने की मांग की। सग्गा गांव के मोहन लाल ने दो-तीन महीने से रूकी हुई पैंशन दिलाने और पाढ़ा गांव के शीश पाल ने पराली की गांठों का भुगतान कराने की मांग की। नगला मेघा के जोगेंद्र कुमार ने जमीन का कब्जा दिलाने की गुहार लगाई।
असंध में क्रिड से संबंधित दो शिकायतें आईं। इनमें एक ओपरा गांव के मुकेश की थी जिन्होंने परिवार पहचान पत्र में पत्नि का नाम ठीक कराने और दूसरी विधवा पैंशन से संबंधित छाया रानी की थी। घरौंडा में पुंडरी गांव के सिया राम ने पीपीपी में कम आय के बावजूद राशन कार्ड न बनाने की शिकायत की। उन्होंने कहा कि समाधान शिविर जनसेवा का सशक्त माध्यम है। आमजन विश्वास से अपनी समस्याएं समाधान शिविर में लेकर आते हैं, इसलिए प्राथमिकता के आधार पर लोगों की हर समस्या को ध्यानपूर्वक सुना जाए और उसका समयबद्ध व स्थायी समाधान किया जाए। जिला मुख्यालय पर आयोजित शिविर में विभिन्न विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे।
शिविर सोमवार व वीरवार को
एसडीएम प्रदीप कुमार ने बताया कि प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार जिला मुख्यालय व उपमंडल स्तर पर सोमवार और वीरवार को प्रात:10 बजे से 12 बजे तक समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे है। इन शिविरो में बिजली, पानी, परिवार पहचान पत्र, बुढ़ापा पेंशन एवं अन्य संबंधित शिकायतों की मौके पर सुनवाई कर उनका समाधान किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि समाधान शिविरों का मुख्य उद्देश्य सरकारी सेवाओं से जुडी बाधाओं को दूर करना और जनता की शिकायतों का मौके पर ही निपटान करना है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे समस्या के समाधान के लिए निर्धारित दिनों में शिविर में पहुंचे।
