करनाल, 4 सितंबर। इग्नू क्षेत्रीय केंद्र करनाल के निदेशक डॉ धर्म पाल ने बताया कि आज राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (एनआईआरएफ) द्वारा वर्ष 2025 के लिये रैंकिंग की घोषणा की गई जिसमें इग्नू को राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (एनआईआरएफ) रैंकिंग में मुक्त विश्वविद्यालय की श्रेणी के तहत पूरे भारत में पहले सर्वश्रेष्ठ संस्थान का खिताब मिला है। इग्नू की ओर से इग्नू की कुलपति प्रो उमा कंजीलाल ने यह सम्मान प्राप्त किया।
उन्होंने बताया कि आज राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (एनआईआरएफ) में भारत के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों की उत्कृष्टता और उपलब्धियों को प्रदर्शित किया गया। उल्लेखनीय है कि एनआईआरएफ दिशानिर्देशों के अनुरूप देश भर के संस्थानों में शिक्षण, सीखने और संसाधन, अनुसंधान और पेशेवर प्रथाएं, स्नातक परिणाम, आउटरीच व समावेशिता तथा सहकर्मी धारणा पर रैंक निर्धारण किया जाता है
उन्होंने बताया कि इग्नू द्वारा पहला स्थान हासिल करने के बाद इग्नू की कुलपति ने विश्वविद्यालय के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि यह सम्मान इग्नू के प्रत्येक कर्मचारी की मेहनत और कर्तव्यनिष्ठा की वजह से इग्नू को हासिल हुआ है। उन्होंने बताया कि 39 वर्ष पूर्व अपनी स्थापना के बाद से ही इग्नू देश में उच्च शिक्षा के लोकतंत्रीकरण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इग्नू के अपने जन-जन तक उच्च शिक्षा पहुंचाने के मिशन के अनुसार उच्च गुणवत्ता पर जोर देने के साथ-साथ एक लचीली और कम लागत वाली शिक्षार्थी केंद्रित शिक्षा प्रणाली के माध्यम से जन-जन तक उच्च शिक्षा पहुंचाने का कार्य कर रहा है। प्रो उमा कांजीलाल के नेतृत्व में इग्नू ग्रामीण, शहरी, जनजातीय क्षेत्रों, शारीरिक रूप से दिव्यांगजनों, कैदियों, सरकारी और गैर सरकारी क्षेत्रों के कार्मिकों, घर पर रहने वाले माता पिता, सशस्त्र सेनाओं और अर्धसैनिक बलों के कर्मियों, नियोक्ताओं और पहले से कार्यरत लोगों आदि को शिक्षा प्रदान कर रहा है। इग्नू महिलाओं, सामाजिक एवं आर्थिक रूप से सुविधा वंचित समूहों, पूर्वोत्तर क्षेत्र और देश के जनजातीय क्षेत्रों तथा कम साक्षरता वाले क्षेत्रों की ओर विशेष रूप से ध्यान दे रहा है।
