पंचायत समिति सदस्यों के प्रशिक्षण कार्यक्रम का पहला दिन
नीलोखेड़ी/ करनाल, 10 जुलाई । आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में पंचायती राज संस्थाओं और उनके निर्वाचित प्रतिनिधियों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होगी। भारत की आबादी का सबसे बड़ा हिस्सा ग्रामीण अंचल में बसता है।ग्राम्य भारत के उत्थान में ही भारत का परम वैभव निहित है। हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान के निदेशक डॉ.वीरेन्द्र सिंह चौहान ने यहाँ पंचायत समिति सदस्यों और पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की। वह राजीव गांधी पंचायती राज एवं सामुदायिक विकास संस्थान के तत्वावधान में आयोजित जनप्रतिनिधियों के दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र को संबोधित कर रहे थे। सत्र की अध्यक्षता संस्थान की प्रधानाचार्य डॉक्टर सोनिका भट्टी ने की।
डॉ. चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में देश और प्रदेश में ग्राम विकास के क्षेत्र में भी नए प्रतिमान स्थापित किए जा रहे हैं। निर्वाचित जनप्रतिनिधियों को अपने क्षेत्र में पूरे मनोयोग से कार्य करते हुए विकास कार्यों को आगे बढ़ाने के साथ साथ जॉन समस्याओं के निवारण में भी सक्रिय भूमिका अदा करनी चाहिए।निर्वाचित जनप्रतिनिधि हर क़दम पर ही समाधान और निदान का प्रतीक बन कर जनता द्वारा उनमे जताए गए विश्वास रूपी देनदारी के प्रति कृतज्ञता जताने का स्वभाव को विकसित करें।
राजीव गांधी राज्य पंचायती राज एवं सामुदायिक विकास संस्थान के दो दिवसीय रिफ्रेशर ट्रेनिंग प्रोग्राम में पानीपत व हांसी के पंचायत समिति के सदस्यों ने भाग लिया। इस अवसर पर संस्थान की प्रधानाचार्य और विशेषज्ञों ने सदस्यों को उनके अधिकारों व कर्तव्यों के बारे में जागरूक किया।
इस अवसर पर संस्थान के सहायक प्रोफेसर संदीप भारद्वाज, लेक्चरर वीरेंद्र ग्रेवाल, लेक्चरर डिम्पी मल्होत्रा और रिसोर्स पर्सन लखविंदर कुमार एवं देशराज भी उपस्थित रहे।
