इस कार्यालय में अभी तक दो डिप्टी सुपरिंटेंडेंट ही तैनात रहे हैं। जिनके कंधों पर ही पूरे विभाग का भार डाला हुआ था। लेकिन अब मुख्यालय ने चार डिप्टी सुपरिंटेंडेंट ओर नियुक्ति कर दिए गए हैं।
जिला शिक्षा कार्यालय में डिप्टी सुपरिंटेंडेंट के छह पद ही हैं। इस तरह पूरे प्रदेश की बात करें तो कुल 50 कर्मचारियों को पदोन्नत किया गया है। जिन्हें असिस्टेंट से डिप्टी सुपरिंटेंडेंट पदोन्नत कर दिया गया है। नए पद भरे जाने से काम में जहां पारदर्शिता आएगी।
कर्मचारियों पर काम का दबाव होगा कम
वहीं, काम को सही और अच्छे तरीके से किया जा सकेगा। क्योंकि कर्मियों की कमी के चलते कम कर्मचारियों पर ही काम का दबाव बन जाता है। ऐसे हालात में काम में गलती होने से इनकार नहीं किया जा सकता। इसमें सभी कागजात को चेक भी नहीं किया जा सकता। वहीं, जो काम लंबे समय तक लंबित होते हैं वह भी समय पर पूरे किए जा सकते हैं।
