कुरुक्षेत्र। श्री कृष्ण आयुष विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों का दल नेचर कैंप में भाग लेने के लिए सोमवार को रवाना हुआ। कुलपति प्रो. वैद्य करतार सिंह धीमान ने विश्वविद्यालय परिसर से वाहन को हरी झंडी दिखाकर विद्यार्थियों को रवाना किया। इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. कृष्णकांत गुप्ता, आयुर्वेद अध्ययन एवं अनुसंधान संस्थान के प्राचार्य प्रो. आशीष मेहता, आयुर्वेदिक अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक प्रो. राजा सिंगला, यूथ वेलफेयर निदेशक डॉ. सुधीर मलिक सहित अन्य अधिकारी एवं शिक्षक उपस्थित रहे।
यूथ वेलफेयर निदेशक डॉ. सुधीर मलिक ने बताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय हरियाणा द्वारा प्रदेश के विभिन्न विश्वविद्यालयों के 210 विद्यार्थियों के लिए पंचकूला जिले के थापली (पिंजौर) में नेचर कैंप आयोजित किया जा रहा है। इस कैंप में श्री कृष्ण आयुष विश्वविद्यालय के आयुर्वेद अध्ययन एवं अनुसंधान संस्थान के 10 विद्यार्थी भी भाग ले रहे हैं। कैंप के दौरान विद्यार्थियों को प्रकृति संरक्षण, पर्यावरण जागरूकता, साहसिक गतिविधियों, टीम वर्क और नेतृत्व क्षमता से जुड़े विभिन्न प्रशिक्षण एवं गतिविधियों में शामिल होने का अवसर मिलेगा।
इस अवसर पर कुलपति प्रो. वैद्य करतार सिंह धीमान ने कहा कि कक्षा में प्राप्त ज्ञान के साथ-साथ प्रकृति से मिलने वाली शिक्षा भी विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। नेचर कैंप युवाओं में आत्मविश्वास, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम हैं।
कुलसचिव डॉ. गुप्ता ने कहा कि ऐसे शिविर विद्यार्थियों को चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में कार्य करना, निर्णय लेना और सामूहिक रूप से समस्याओं का समाधान करना सिखाते हैं। विद्यार्थियों को इस अवसर का भरपूर लाभ उठाते हुए नए अनुभव प्राप्त करने चाहिए तथा वहां सीखी गई बातों को अपने जीवन और समाज के हित में उपयोग करना चाहिए।
