कुरुक्षेत्र 04 जून। इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सेमीकंडक्टर क्षेत्र में करियर बनाने के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग द्वारा दो वर्षीय एमएससी. इलेक्ट्रॉनिक्स पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस कार्यक्रम में आवेदन करने की अंतिम तिथि 15 जून है। बी.एससी. नॉन-मेडिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स अथवा कंप्यूटर विषयों से स्नातक विद्यार्थी इस पाठ्यक्रम के लिए पात्र हैं। 2 वर्षीय कार्यक्रम में कुल 40 नियमित सीटें उपलब्ध हैं।
इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के अध्यक्ष प्रो. मुकेश कुमार ने बताया कि इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग का यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को तेजी से विकसित हो रहे इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योग में उच्च स्तरीय तकनीकी करियर के लिए तैयार करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। पाठ्यक्रम में इलेक्ट्रॉनिक्स की मजबूत बुनियादी शिक्षा के साथ-साथ सेमीकंडक्टर उद्योग, एम्बेडेड सिस्टम्स, ऑटोमेशन टेक्नोलॉजी तथा सूचना प्रौद्योगिकी आधारित इलेक्ट्रॉनिक्स अनुप्रयोगों से संबंधित विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। ये सभी क्षेत्र वर्तमान में तीव्र गति से विस्तार कर रहे हैं और कुशल पेशेवरों के लिए व्यापक रोजगार अवसर उपलब्ध करा रहे हैं।
विभाग की एक प्रमुख विशेषता भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सहयोग से संचालित इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन में इसकी सक्रिय भागीदारी है। इस पहल के तहत विभाग को सेमीकंडक्टर एवं इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योगों में उपयोग किए जाने वाले अत्याधुनिक उद्योग-स्तरीय सॉफ्टवेयर टूल्स और डिजाइन प्लेटफॉर्म उपलब्ध हैं। कार्यक्रम में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को इन पेशेवर टूल्स पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे उनकी रोजगार क्षमता और औद्योगिक दक्षता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।
भारत सरकार देश में इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण और सेमीकंडक्टर उत्पादन को बढ़ावा देकर तकनीकी आत्मनिर्भरता हासिल करने के लिए लगातार प्रयासरत है। कई बहुराष्ट्रीय कंपनियों ने देश में सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन, इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण और संबद्ध क्षेत्रों में बड़े निवेश की घोषणाएं की हैं। भारत पहले ही स्मार्टफोन निर्यात के क्षेत्र में एक प्रमुख देश बन चुका है और तेजी से वैश्विक इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण एवं नवाचार केंद्र के रूप में उभर रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले वर्षों में इस क्षेत्र में हजारों उच्च गुणवत्ता वाली तकनीकी नौकरियां सृजित होंगी।
लोक सम्पर्क विभाग के निदेशक प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि एमएससी. इलेक्ट्रॉनिक्स कार्यक्रम विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकी दुनिया में सफलता के लिए आवश्यक ज्ञान, कौशल और औद्योगिक अनुभव प्रदान करता है। विभाग का उद्देश्य विद्यार्थियों को इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सेमीकंडक्टर उद्योग में सफल पेशेवर बनने के लिए सक्षम बनाना है। उन्होंने बताया कि इच्छुक विद्यार्थी 15 जून तक आवेदन कर सकते हैं तथा भारत की तेजी से बढ़ती इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर क्रांति का हिस्सा बन सकते हैं।
