करनाल, 22 मार्च। घरौंडा में आयोजित 11वें मेगा सब्जी एक्सपो के दूसरे दिन आज बड़ी संख्या में किसानों ने मेले का भ्रमण किया। आज मुख्य अतिथि के रूप में विभागाध्यक्ष डा. अर्जुन सिंह सैनी मौजूद रहे। किसानों ने सब्जियों की विभिन्न किस्मों व मधुमक्खी पालन की नवीनतम जानकारी विशेषज्ञों माध्यम से प्राप्त की। इस दौरान किसानों ने सब्जियों की खेती से जुड़ी प्रदर्शनी एवं केन्द्र पर बनाए गए पोली हाउस, नेट हाउस का दौरा किया।  विशेषज्ञों ने संरक्षित खेती की विस्तृत जानकारी  दी।
बैम्बू स्टेकिंग तकनीक को बढ़ावा
मुख्य अतिथि डा. अर्जुन सिंह सैनी, विभागाध्यक्ष (विशेष) ने किसानों को सम्बोधित करने हुए कहा कि कम लागत वाली वर्टिकल खेती के तहत बैम्बू स्टेकिंग तकनीक को भी बड़े पैमाने पर बढ़ावा दिया गया है। इस तकनीक पर सब्जी उत्पादन के लिए 50 से 85 प्रतिशत अनुदान सहायता उपलब्ध करवाई गई है। उन्होनें कहा कि हरियाणा मधुमक्खी पालन नीति-2021 के अनुसार गुणवत्तायुक्त शहद उत्पादन पर ध्यान केन्द्रित करने के उद्देश्य से 10 वर्षीय कार्य योजना बनाई गई है  जिसके अंतर्गत एकीकृृत मधुमक्खी पालन विकास केंद्र, रामनगर से मधुमक्खी बक्से खरीदने पर 85 प्रतिशत तथा यंत्र, शहद प्रसस्ंकरण, बोतल व शहद गुणवत्ता जांच पर 75 प्रतिशत अनुदान का प्रावधान किया गया है। पिछले दस वर्षों में  मधुमक्खी पालकों को शहद उत्पादन के लिए 10 लाख 69 हजार मधुमक्खी बक्से, मधुमक्खी उपकरण उपलब्ध करवाए जा चुके हैं।
भावान्तर भरपाई योजना में 21 फल व सब्जी शामिल
उन्होंने कहा कि ‘भावान्तर भरपाई योजना‘ के तहत 21 फलों और सब्जियों को शामिल किया गया है। इस योजना की शुरुआत जनवरी 2018 से लेकर वर्ष 2024-25 में अब तक24,385 किसानों को 110.23 करोड़ रुपये का प्रोत्साहन सीधे किसानों के बैंक खाते में दिया जा चुका है। यह  योजना पूरे भारत वर्ष में अनूठी है।
मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना बनी मददगार
डा सैनी  ने  कहा कि फसलों को मौसम की अनिश्चितताओं (प्रतिकूल मौसम एवं प्राकृतिक आपदाओं) से बचाने के लिए 1 जनवरी 2021 से ‘मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना’ शुरू की गई है। इस योजना में 46 बागवानी फसलें शामिल हैं। फलों और सब्जियों के लिए 750 से 1,000 रुपये तक प्रति एकड़  बहुत कम प्रीमियम के साथ बीमा किया जाता है  तथा सब्जियों व मसाला फसलों में 30,000 रुपये तथा फलों में 40,000 रुपये तक मुआवजा देने का प्रावधान है। योजना के तहत अब तक कुल 138 किसानों को 122.65 लाख रुपये मुआवज़े के रूप में दिए गए हैं।
मेले में लगभग 4250 किसान शामिल हुए। तकनीकी सत्र में विशेषज्ञों के माध्यम से किसानों को सब्जी की फसलों, मधुमक्खी पालन व आलू बीज उत्पादन पर बहुमूल्य जानकारी प्रदान कराई गई।
 पुरस्कार विजेता इस प्रकार रहे
स्प्रे पंप  में राम सिंह जिला फतेहाबाद, कृष्ण जिला पानीपत, राजकुमार कुरूक्षेत्र, टेकचंद  कैथल, लाल सिंह पलवल, खुशीराम करनाल, मदन सिंह,कुरूक्षेत्र, अनुप कुमार फतेहाबाद, महिपाल कैथल व पलविन्द्र, करनाल।  पावर बिडर में रमेश कुमार जिला अंबाला तथा  मिनी ट्रैक्टर में  रत्तन सिंह  जिला पानीपत।
एक्सपो में समापन समारोह  में कल मुख्यातिथि के रूप में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, विशिष्ट अतिथि कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा  व हरविंद्र कल्याण, स्पीकर सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहेगें। मुख्यमंत्री एवं कृषि मंत्री प्रदेश के बागवानी प्रगतिशील किसानों को पुरस्कार देकर सम्मानित भी करेगें। यह पुरस्कार किसानों को बागवानी क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रदान किया जाएगा।
इस मौके पर डा धर्म सिंह यादव, अतिरिक्त निदेशक उद्यान, डा जोगिन्द्र सिंह, प्रधानाचार्य, डा मनोज कुंडू व डा सुधीर यादव, संयुक्त निदेशक उद्यान, डा बिल्लु यादव, उप-निदेशक, डा विक्रम सिंह, उप-निदेशक सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

By Dr. Rajesh Wadhwa

778-779, Partap Colony, Railway Road, Near Rudra Cinema, Opp Chaat King India Row, Kurukshetra 136118 Mob. 9896352867, 9467040367

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *