कुरुक्षेत्र, 24 जुलाई। स्वदेशी जागरण मंच के पूर्णकालिक सदस्य अंशुल विद्यार्थी ने कहा कि आज के युवाओं को केवल नौकरी पाने का लक्ष्य नहीं रखना चाहिए, बल्कि अपने कौशल को पहचानकर ऐसा व्यवसाय स्थापित करना चाहिए जिससे वे स्वयं आत्मनिर्भर बनें और अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध करा सकें। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे स्वदेशी उत्पादों को अपनाएं और देश में निर्मित वस्तुओं के उपयोग को प्राथमिकता दें। इससे देश की अर्थव्यवस्था सशक्त होगी तथा आत्मनिर्भर भारत के निर्माण को गति मिलेगी।
वे शुक्रवार को कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में यूनिवर्सिटी सीनियर सेकेंडरी मॉडल स्कूल में आयोजित प्रेरक संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि प्रत्येक व्यक्ति में कोई न कोई विशेष प्रतिभा होती है। यदि उस प्रतिभा को सही दिशा, मेहनत और नवाचार के साथ आगे बढ़ाया जाए तो सफलता निश्चित है। उन्होंने विद्यार्थियों को उद्यमिता, आत्मविश्वास और स्वदेशी भावना को जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर स्वदेशी जागरण मंच के जिला प्रशिक्षक दीपक कुमार सिंह, सत्यम चौबे, भीष्म सिंह तथा निहाल सिंह ने भी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए राष्ट्रहित, स्वावलंबन और सामाजिक उत्तरदायित्व के महत्व पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में आगमन पर विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. सुखविंद्र सिंह ने अतिथियों का स्वागत किया तथा विद्यालय की शैक्षणिक, सांस्कृतिक और खेल संबंधी उपलब्धियों से उन्हें अवगत कराया। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रेरक कार्यक्रम विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और राष्ट्र निर्माण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करते हैं।
कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
