पानीपत। हरियाणा में हाल ही में आई बाढ़ ने कई जिलों में व्यापक तबाही मचाई है। खेतों में जलभराव और फसलों को गंभीर नुकसान हुआ है।
छह जिले यमुनानगर, हिसार, सिरसा, फतेहाबाद, झज्जर व रोहतक में आपदा ने आधे से ज्यादा खेतों में पूरी फसल बर्बाद कर दी है। यहां तक की स्कूलों में शिक्षा भी बाधित हुई है।
विभिन्न जिलों से प्राप्त रिपोर्टों के अनुसार, बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों में फसलें बर्बाद हो गई हैं और कई लोग बेघर हो गए हैं। आप भी पढ़ें सर्वाधिक प्रभावित जिलों का हाल।
- धान: फतेहाबाद में 75 हजार, हिसार में 25 हजार व जींद में 45 हजार एकड़ में फसल को 60 प्रतिशत से ज्यादा नुकसान है
- कपास: भिवानी जिले में 3,000 और चरखी दादरी में 2,700 एकड़ में फसल में 70 से 100 प्रतिशत तक नुकसान हुआ है
- स्कूल: कैथल के गुहला-चीका खंड में 146, फतेहाबाद में 17 स्कूल अब भी बंद रखने पड़ रहे हैं बाढ़ के असर के कारण
- जमीन खोई: यमुनानगर में यमुना नदी के कटाव में 1,500 एकड़ जमीन समा गई, करनाल में 300 एकड़ में कटाव हुआ है
फतेहाबाद: जिले में घग्घर नदी का जलस्तर 15,400 क्यूसेक तक पहुंच गया है। यहां 192 गांवों के 11,965 किसानों की 75,125 एकड़ फसलें प्रभावित हुई हैं, जिसमें कपास और नरमा की फसलें 70 प्रतिशत तक बर्बाद हो गई हैं। बाढ़ के कारण 300 घरों में पानी भर गया है, 19 मकान गिर गए हैं और दो लोगों की मौत हो गई है।
