करनाल। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य हरियाणा महिला आयोग की चेयरमैन को कहा कि वह अपने पद की गरिमा को खंडित न होने दें और बोलने से पहले उन्हें तोलना चाहिए। साथ ही वीरेश शांडिल्य ने कहा कि कुरूक्षेत्र की सरकारी नर्सों को लेकर जो रेणू भाटिया ने ब्यानबाजी की उस पर वह माफी मांगे। वीरेश शांडिल्य ने रेणू भाटिया को श्वेत पत्र जारी करने की मांग करते हुए कहा कि यदि परिवार के एक व्यक्ति ने कोई गलती की तो क्या सारे परिवार को सजा दी जा सकती है इस पर रेणू भाटिया सार्वजनिक ब्यान देकर हरियाणा के पौने तीन करोड़ लोगों को अपना पक्ष रखें। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने कहा कि टिप्पणी करना, आलोचना करना, किसी को बिना सोचे समझे नीचा दिखाना आसान बात है और वही काम रेणू भाटिया ने कुरूक्षेत्र की सरकारी नर्सों को लेकर किया है जिस ब्यान पर उन्हेंकुरूक्षेत्र के एल.एन. जे.पी. अस्पताल में जाकर माफी मांगनी चाहिए ताकि रेणू भाटिया को पता चल सके जिस ताने लागे सो तन जाने। एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीरेश शांडिल्य ने कहा कि रेणू भाटिया हरियाणा महिला आयोग की चेयरमैन जरूर हैं लेकिन उनकी भी लक्ष्मण रेखा है वह भी कानून से बंधी हुई हैं अक्सर देखने में आया है कि जब वह पीड़ितों की सुनवाई करती हैं उस सुनवाई को मीडिया ट्रायल बनाती हैं और न केवल पीड़ित बदनाम होती है बल्कि पुरूष समाज का भी अपमान होता है और रेणू भाटिया स्वयं अमर्यादित भाषा का प्रयोग करने से नहीं रूकती जबकि उन्हें पीड़ित महिला की सुनवाई कमरे में करनी चाहिए और उसका मीडिया करण नहीं करना चाहिए। वीरेश शांडिल्य ने कहा उनका संगठन एंटी टेरोरिस्ट फ्रंट इंडिया एल.एन.जे.पी अस्पताल की नर्सों के साथ खड़ा है और हरियाणा महिला आयोग की चेयरमैन रेणू भाटिया ने नर्सों के खिलाफ ब्यानबाजी कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान को कमजोर किया है। इसी विषय पर आज वीरेश शांडिल्य ने रेणू भाटिया के अपशब्दों को लेकर अपने संगठन के पदाधिकारियों की बैठक ली।
