कुवि की हरियाणवी संस्कृति के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिकाः प्रो. सोमनाथ सचदेवा
रत्नावली द्वारा लूर, गायन शैलियां, लोक विनोद, पगडी, रागनी, हरियाणवी नाटक, रसिया, हरियाणवी आर्केस्ट्रा को अभी तक किया संरक्षित कुरुक्षेत्र, 19 अक्टूबर। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर सोमनाथ सचदेवा ने कहा…
