करनाल, 28 अक्तूबर। डीसी डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने बुधवार को जिला सचिवालय के सभागार में राजस्व विभाग के अधिकारियों की बैठक ली और निर्देश दिए कि वे अनाज मंडियों पर कड़ी नजर रखे, बाहरी धान की आवक पर पूर्णतय रोक लगाए तथा अनियमितता पाए जाने पर आढति, किसान व मंडी सचिव के विरुद्ध कार्रवाही अमल में लाई जाए और एफआईआर भी दर्ज करवाएं।
बैठक के दौरान डीसी ने सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि यूपी (उत्तर प्रदेश) से पिकअप व अन्य गाडिय़ों के जरिए अवैध रूप से आने वाले धान के परिवहन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई जाए। उत्तर प्रदेश से बिना वैध कागजात के धान लेकर आने वाली पिकअप और अन्य गाडिय़ों को तुरंत जब्त करने के आदेश दिए। आढ़ती और किसान पर अवैध रूप से बाहरी धान की खरीद-बिक्री में संलिप्त पाए जाने वाले आढ़तियों (व्यापारियों) और संबंधित किसानों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करते हुए प्राथमिकी एफआईआर दर्ज की जाएगी।
डीसी ने कहा कि मंडी प्रांगण और प्रवेश द्वारों पर 24 घंटे कड़ी नजर रखने के लिए विशेष उडऩदस्ता और सुरक्षा टीमों को तैनात किया गया है। स्थानीय किसानों के हितों की रक्षा करना हमारी पहली प्राथमिकता है। किसी भी सूरत में बाहरी राज्यों से अवैध रूप से लाए जा रहे धान को मंडी में बिकने नहीं दिया जाएगा। यदि कोई भी व्यापारी या बिचौलिया इसमें शामिल पाया गया, तो उसका लाइसेंस रद्द करने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
इस अवसर पर एडीसी डा. राहुल रईया, एसडीएम असंध सुमित सिहाग, एसडीएम नीलोखेड़ी अशोक कुमार, एसडीएम इंद्री डा. रमन गुप्ता, डीआरओ श्याम लाल सहित सभी तहसीलदार व नायब तहसीलदार मौजूद रहे।
बैठक के दौरान डीसी ने सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि यूपी (उत्तर प्रदेश) से पिकअप व अन्य गाडिय़ों के जरिए अवैध रूप से आने वाले धान के परिवहन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई जाए। उत्तर प्रदेश से बिना वैध कागजात के धान लेकर आने वाली पिकअप और अन्य गाडिय़ों को तुरंत जब्त करने के आदेश दिए। आढ़ती और किसान पर अवैध रूप से बाहरी धान की खरीद-बिक्री में संलिप्त पाए जाने वाले आढ़तियों (व्यापारियों) और संबंधित किसानों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करते हुए प्राथमिकी एफआईआर दर्ज की जाएगी।
डीसी ने कहा कि मंडी प्रांगण और प्रवेश द्वारों पर 24 घंटे कड़ी नजर रखने के लिए विशेष उडऩदस्ता और सुरक्षा टीमों को तैनात किया गया है। स्थानीय किसानों के हितों की रक्षा करना हमारी पहली प्राथमिकता है। किसी भी सूरत में बाहरी राज्यों से अवैध रूप से लाए जा रहे धान को मंडी में बिकने नहीं दिया जाएगा। यदि कोई भी व्यापारी या बिचौलिया इसमें शामिल पाया गया, तो उसका लाइसेंस रद्द करने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
इस अवसर पर एडीसी डा. राहुल रईया, एसडीएम असंध सुमित सिहाग, एसडीएम नीलोखेड़ी अशोक कुमार, एसडीएम इंद्री डा. रमन गुप्ता, डीआरओ श्याम लाल सहित सभी तहसीलदार व नायब तहसीलदार मौजूद रहे।
