कुरुक्षेत्र पुलिस अधीक्षक श्री चन्द्र मोहन ने महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिले के सभी थाना प्रभारियों, चौकी प्रभारियों तथा पुलिस कर्मचारियों को गुमशुदा लड़कियों के मामलों में तत्काल एवं गंभीरता से कार्रवाई करने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रत्येक मामले को अत्यंत संवेदनशील मानते हुए बिना किसी देरी के आवश्यक कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाए और महिला/लड़की की सुरक्षित बरामदगी के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएं।
पुलिस अधीक्षक ने निर्देश दिए कि जैसे ही किसी महिला/लड़की के गुमशुदा होने की सूचना प्राप्त हो, संबंधित थाना पुलिस तुरंत मामला दर्ज कर खोजबीन शुरू करे। उपलब्ध सभी तकनीकी एवं पारंपरिक संसाधनों का उपयोग करते हुए संभावित स्थानों पर तलाश की जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर आसपास के जिलों की पुलिस से भी समन्वय स्थापित किया जाए। उन्होंने कहा कि शुरुआती समय में की गई सक्रिय कार्रवाई कई मामलों में सकारात्मक परिणाम दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। पुलिस अधीक्षक चन्द्र मोहन ने विशेष रूप से स्पष्ट किया कि गुमशुदगी की शिकायत लेकर आने वाले परिजनों के साथ संवेदनशील, सहानुभूतिपूर्ण और सम्मानजनक व्यवहार किया जाए। किसी भी पुलिस कर्मचारी द्वारा शिकायतकर्ता (मुदई) से तलाश के लिए निजी कार, मोटरसाइकिल या किसी अन्य प्रकार की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए नहीं कहा जाएगा। तलाश अभियान की पूरी जिम्मेदारी पुलिस की होगी और आवश्यक संसाधनों की व्यवस्था विभाग द्वारा की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि किसी पुलिस कर्मचारी द्वारा शिकायतकर्ता से वाहन, ईंधन, आर्थिक सहायता या किसी अन्य प्रकार की सुविधा की मांग करने की शिकायत प्राप्त होती है तो
उसे गंभीर कदाचार माना जाएगा और संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध नियमानुसार सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन आदेशों की दृढ़ता से पालना सुनिश्चित की जाए। प्रत्येक गुमशुदगी के मामले की नियमित समीक्षा की जाए तथा जांच और तलाश की प्रगति पर वरिष्ठ अधिकारियों को समय-समय पर अवगत कराया जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य प्रत्येक गुमशुदा महिला/लड़की को जल्द से जल्द सुरक्षित उसके परिजनों तक पहुंचाना तथा पीड़ित परिवार को हरसंभव सहयोग प्रदान करना है।
कुरुक्षेत्र पुलिस ने आमजन से भी अपील की है कि यदि किसी महिला/लड़की के गुमशुदा होने की सूचना मिले या उसके संबंध में कोई महत्वपूर्ण जानकारी हो तो तुरंत नजदीकी पुलिस थाना अथवा डायल-112 पर सूचना दें। यदि कोई अनुसंधान अधिकारी गाड़ी या पैसों की मांग करता है तो इसकी सूचना मोबाईल नम्बर 989674-90009 पर फोन या व्हाट्सएप के माध्यम से दें। नागरिकों के सहयोग और पुलिस की त्वरित कार्रवाई से ऐसे मामलों का शीघ्र समाधान संभव हो सकता है। पुलिस विभाग महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा प्रत्येक शिकायत पर संवेदनशील एवं प्रभावी कार्रवाई करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
