कुरुक्षेत्र, 3 जून। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि 15 जून से 14 जुलाई तक चलने वाले विशेष गहन पुनरीक्षण की जिला प्रशासन ने सभी तैयारियों को पूरा कर लिया है। इसके लिए जिला प्रशासन की तरफ से हेल्प डेस्क भी स्थापित किया जा चुका है। वहीं किसी भी प्रकार की जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर 1950 सुचारु किया जा रहा है, जहां से नागरिक किसी भी प्रकार की सूचना प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि 15 जून से 810 बीएलओ जिले की चारों विधानसभाओं के 783976 वोटरों का विशेष गहन पुनरीक्षण घर-घर जाकर किया जाएगा।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा बुधवार को लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित विशेष गहन पुनरीक्षण की बैठक को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले मुख्य चुनाव अधिकारी हरियाणा श्रीनिवास ने वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से प्रदेश के सभी उपायुक्तों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर राजनैतिक दलों के साथ बैठक करके पूरी जानकारी साझा किया जा चुका है। इसमें विभिन्न फार्म और उनके प्रयोग की ट्रेनिंग व विस्तृत रिपोर्ट दी गई। इसके अलावा सभी संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी जा रही है। ट्रेनिंग के साथ-साथ वोटरों के मैपिंग को कार्य भी किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मीडिया के माध्यम से जनता तक विशेष गहन पुनरीक्षण का प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि 5 जून से 14 जून तक सभी बीएलओ को विभाग की तरफ से ट्रेनिंग दी जाएगी। ट्रेनिंग के बाद 15 जून से 14 जुलाई तक विशेष गहन पुनरीक्षण का कार्य किया जाएगा। ट्रेनिंग के दौरान बताया जाएगा कि किस वोटर से कौन सा फार्म भरवाया जाना है और कैसे भरवाया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिनका वोट 2002 में बना हुआ है, उन्हें 2002 वाला डाटा भरना होगा। जिन वोटरों का वोट 2002 के बाद बना है उन्हें अपने परिजनों (माता-पिता, दादा-दादी) का डाटा भरना है। जो वोटर गांव-शहर से बाहर रहते हैं, उनके परिवारजन उनका फार्म भरकर बीएलओ को जमा करवा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि 21 जुलाई को ड्राफ्ट रोल तैयार होगा, 20 अगस्त तक दावे आपत्ति दे सकते हैं। किसी भी प्रकार के दावे आपत्ति को सबसे पहले आरओ / एसडीएम को दर्ज करवा सकते हैं, संतुष्टि न होने पर डीआरओ/उपायुक्त को, इसके बाद ईओ को आपत्ति दर्ज कर सकते हैं। इन दावे आपत्तियों को 21 जुलाई से 18 सितंबर तक सुनवाई के बाद निर्णय दिया जाएगा। सुनवाई के बाद 22 सितंबर को अंतिम निर्वाचनवली का प्रकाशन किया जाएगा। प्रत्येक विधानसभा में 4-4 एईआरओ भी नियुक्त किए गए हैं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2002 की वोटर सूची सीईओ हरियाणा और ईसीआई की वेबसाइट से भी डाउनलोड कर सकते हैं।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि 14 जुलाई तक रेशनेलाइजेशन का कार्य किया जाएगा। इस दौरान 1200 से ज्यादा वोटरों वाले बूथों में कम वोट किए जाएंगे। इनमें से 101 बूथों के वोटरों को साथ लगते बूथों में शिफ्ट किया जाएगा। इसके साथ ही 75 नए बूथ तैयार किए जाएंगे। रेशनेलाइजेशन प्रक्रिया के दौरान ये बूथ कम-ज्यादा भी हो सकते हैं। इस मौके पर नगराधीश आशीष कुमार, चुनाव तहसीलदार संदीप कुमार सहित अन्य अधिकारीगण मौजूद रहे।
