कुरुक्षेत्र पुलिस ने नौकरी दिलवाने के नाम पर लाखों रूपये की ठगी करने के आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक चन्द्र मोहन के मार्ग-निर्देश में थाना साइबर क्राइम कुरुक्षेत्र टीम ने नौकरी दिलवाने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी मामले के आरोपी जितेन्द्र व धर्मेन्द्र वासीयान गंगापुरम जिला गाजियाबाद यूपी तथा रितीक वासी जलालपुर जिला बिजनौर यूपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।

            जानकारी देते हुए पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि 13 मई 26 को पुलिस को दी अपनी शिकायत में नरेश कुमार  वासी सैक्टर-3 कुरुक्षेत्र ने बताया कि वह वर्ष 2023 में बैंक मैनेजर के पद से रिटायर्ड है। उसे नौकरी की जरुरत थी उसने अपना बायो डाटा कई कंपनियों को भेज था। दिनांक 9 फ़रवरी 26 को उसके पास एक अनजान नंबर से कॉल आया जिसने बताया कि वह शाइन सर्विसेज का कर्मचारी है तथा उसे फाइनेंस से सम्बंधित बैंक में नौकरी दिलवा सकता है। इसके उसने रजिस्ट्रेशन के लिए 1 लाख 30 हजार रूपये मांगे। उसने 1 लाख 25 हजार रूपये उसके द्वारा दिए गए खाते में भेज दिए। उसके बाद आरोपी ने अलग-अलग तारीखों में अलग-अलग बैंक खातों में 7 लाख रूपये जमा करवा लिए। आरोपी ने ना तो उसे नौकरी दिलवाई और ना ही उसके पैसे वापस किये। जिसकी शिकायत पर थाना साइबर क्राइम में मामला दर्ज करके जांच की गई।

दिनांक 19 मई 26 को थाना साइबर कुरुक्षेत्र प्रभारी निरीक्षक नरेश कुमार के मार्ग निर्देश में पीएसआई वेड प्रकाश, मुख्य सिपाही देशराज, सिपाही संदीप व एसपीओ जगजीत की टीम ने नौकरी दिलवाने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी मामले के आरोपी जितेन्द्र व धर्मेन्द्र वासीयान गंगापुरम जिला गाजियाबाद यूपी तथा रितीक वासी जलालपुर जिला बिजनौर यूपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों को माननीय अदालत से पुलिस रिमांड पर लेकर जांच जारी है।

आरोपियों के खाते में जमा हुई थी ठगी की रकम: नरेश कुमार

जानकारी देते हुए थाना साइबर कुरुक्षेत्र प्रभारी निरीक्षक नरेश कुमार ने बताया कि पीड़ित से ठगी गई रकम आरोपियों के खाते में जमा हुई थी। निरीक्षक ने बताया कि आरोपी रितीक के खाते में 1 लाख 7 हजार रूपये, आरोपी जितेन्द्र के खाते में 30 हजार रूपये तथा आरोपी धर्मेन्द्र के खाते में 20 हजार रूपये जमा हुए थे। आरोपियों ने कमीशन के लालच में ठगों को अपना खाता उपलब्ध करवाया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *