उप चुनाव को स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न करवाने के लिए प्रशासन की तैयारियां पूरी : डीडीपीओ
पीठासीन अधिकारी, वैकल्पिक पीठासीन अधिकारी व पोलिंग ऑफिसरों को मास्टर ट्रेनरों द्वारा ईवीएम के माध्यम से चुनाव करवाने का दिया गया प्रशिक्षण
करनाल, 4 मई। उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आनंद कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में पंचायती राज संस्थाओं में 3 सरपंच, 1 पंच व जिला परिषद वार्ड नंबर 10 के सदस्य के खाली पद के उपचुनाव को जिला में स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न करवाने के लिए जिला प्रशासन की तैयारियां जोरों पर हैं।
इसी श्रृंखला में सोमवार को डॉ. मंगलसेन सभागार में जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी करनाल कंचनलता की अध्यक्षता में पीठासीन अधिकारी, वैकल्पिक पीठासीन अधिकारी व पोलिंग ऑफिसरों को मास्टर ट्रेनरों द्वारा ईवीएम के माध्यम से चुनाव करवाने का प्रशिक्षण दिया गया। इस अवसर पर बीडीपीओ मोनिका भी उपस्थित रही।
प्रशिक्षण शिविर में डीडीपीओ कंचनलता ने बताया कि पंचायती राज संस्थाओं में असंध ब्लॉक के रिसालवा गांव, कुंजपुरा ब्लॉक के गांव कुंजपुरा और इंद्री ब्लॉक के गांव सरवन माजरा में सरपंच व चिड़ाव ब्लॉक के गांव औंगद में 1 पंच व जिला परिषद में वार्ड नंबर 10 के सदस्य का पद खाली हैं। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से उक्त खाली पदों को भरने के लिए जारी शेड्यूल के अनुसार उप चुनाव की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। उक्त पदों के लिए 10 मई, रविवार को मतदान होगा। प्रशासन की ओर से उक्त खाली पदों के चुनाव के लिए 53 मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं। जिला परिषद के वार्ड नंबर 10 के सदस्य पद के लिए 41 मतदान केंद्र, गांव औंगद में पंच पद के लिए 1 मतदान केंद्र, सरपंच पद के लिए गांव कुंजपुरा में 9 मतदान केंद्र, गांव सरवन माजरा में 1 और रिसालवा में 1 मतदान केंद्र स्थापित किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि सरपंच और पंच पद के मतों की गणना का चुनाव प्रक्रिया के समाप्त होने के बाद मौके पर ही उसी दिन की जाएगी जबकि जिला परिषद के सदस्य के चुनाव की प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद केंद्रित स्थान पर मतगणना भी उसी दिन की जाएगी। चुनावी प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए आज प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया है ताकि चुनाव के दिन पोलिंग पार्टियों को किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि सभी पोलिंग पार्टियों को मतदान से एक दिन पहले चुनावी सामग्री लेकर रवाना कर दिया जाएगा। सभी पोलिंग पार्टियां उस दिन अपने-अपने मतदान केंद्रों पर रात्रि ठहराव करेंगे और मतदान केंद्रों पर आयोग की ओर से जारी हिदायतों की दृढ़ता से पालना करें और सभी आवश्यक प्रबंध करवाना सुनिश्चित करेंगे।
प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनर संजय कामरा द्वारा मतदान प्रक्रिया को लेकर तैयार की गई पीपीटी के माध्यम से विस्तार से जानकारी दी गई और प्रशिक्षण में उपस्थित उक्त अधिकारियों के प्रश्नों के जवाब दिए और उनकी समस्याओं का समाधान किया। उन्होंने कहा कि सभी पोलिंग पार्टियां 10 मई को मतदान शुरू होने से पहले पोलिंग एजेंटों की उपस्थिति में 7 बजे मॉक पोल की प्रक्रिया को अवश्य पूरा करना सुनिश्चित करें ताकि निर्धारित समय अवधि के अनुसार ठीक 8 बजे मतदान को शुरू करवाया जा सके। मतदान प्रक्रिया सुबह 8 बजे से शुरू होकर सांय 6 बजे तक चलेगी। उन्होंने ईवीएम के द्वारा मतदान करवाए जाने को लेकर जानकारी देते हुए बताया कि कंट्रोल यूनिट, बैलेट यूनिट महत्वपूर्ण हैं और इनके सीरियल नंबर का मिलान भी नोट अवश्य करें। मतदान के लिए पोलिंग पार्टी में चार व्यक्तियों की एक टीम रहेगी जिनका अलग-अलग से महत्वपूर्ण कार्य रहेगा। इसलिए प्रशिक्षण में जो जानकारी दी जा रही है उसे गहन रुचि लेकर ग्रहण करें ताकि चुनावी प्रक्रिया में उन्हें असुविधा न हो।
प्रशिक्षण शिविर में प्रशासन की ओर से करीब एक दर्जन मास्टर ट्रेनर तैनात किए गए हैं जोकि प्रशिक्षण के बाद भी चुनावी प्रक्रिया से जुड़े पीठासीन अधिकारी, वैकल्पिक पीठासीन अधिकारी व पोलिंग अधिकारी तथा पोलिंग पार्टियों को ईवीएम से चुनाव कराने के लिए डेमो देंगे और उनकी शंकाओं का समाधान करेंगे। मास्टर ट्रेनरों में संदीप कुमार, दिनेश कुमार, यशपाल, सोहनपाल, कुलदीप, नीतीश कुमार, सतीश कुमार, संदीप बल्हारा, रणजीत सिंह व विकास कुमार का नाम शामिल है।
