कुरुक्षेत्र 28 अक्टूबर उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि भारत की महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के प्रस्तावित कुरुक्षेत्र दौरे और हरियाणा दिवस के प्रदेश स्तरीय समारोह को सफलतापूर्वक आयोजित करने के लिए विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त कर दिए हैं। सभी अधिकारियों को अपनी-अपनी जिम्मेदारी समय पर और पूर्ण निष्ठा के साथ पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। कार्यक्रम के ओवरऑल कॉर्डिनेशन की जिम्मेदारी एडीसी पंकज सेतिया को सौंपी गई है। वे पूरे कार्यक्रम के संचालन, विभागों के बीच तालमेल और प्रोटोकॉल की निगरानी करेंगे।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि रोड रूट की जिम्मेदारी पुलिस अधीक्षक चंद्र मोहन और एसडीएम अमन कुमार संयुक्त रूप से संभालेंगे। हेलीपैड व्यवस्था के लिए एसडीएम शाहबाद शंभू राठी नोडल अधिकारी होंगे। मोटरकेड/वीआईपी रूट और शक्तिपीठ मां भद्रकाली मंदिर में कार्यक्रम की जिम्मेदारी एसडीएम थानेसर अमन कुमार को दी गई है। कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी ऑडिटोरियम की व्यवस्था एसडीएम लाडवा राजेश कुमार सोनी देखेंगे। ऑडिटोरियम लाइन-अप के लिए नायब तहसीलदार राहुल को नियुक्त किया गया है। प्रदर्शनी की जिम्मेदारी एमडी शुगर मिल आदित्य को सौंपी गई है। सांस्कृतिक कार्यक्रम की व्यवस्था डीआईपीआरओ डॉ नरेंद्र सिंह देखेंगे।
उन्होंने कहा कि गुरुकुल कुरुक्षेत्र के कार्यक्रम में लाइन-अप्स के लिए एसडीएम पिहोवा डॉ. राहुल कनवारिया नोडल अधिकारी होंगे। ग्रीन रूम, लायजन की जिम्मेदारी डीआरओ चेतना चौधरी को दी गई है। गुरुकुल पब्लिक सिटिंग एरिया के लिए नायब तहसीलदार सागर मल, बीडीपीओ पिहोवा विवेक और बीडीपीओ इस्माइलाबाद अंकित पुनिया संयुक्त रूप से व्यवस्था देखेंगे। ट्रांसपोर्ट/पार्किंग के लिए रोडवेज जीएम समिंदर और नगर परिषद एक्सईएन रवि ओबेरॉय नोडल अधिकारी होंगे। पास, इनविटेशन, वाहन व्यवस्था के लिए नगराधीश आशीष कुमार को नियुक्त किया गया है। मेडिकल व्यवस्था के लिए सीएमओ डॉ. सुखबीर नोडल अधिकारी होंगे। अकोमोडेशन (आवास) की व्यवस्था एसडीएम शंभु राठी और नगराधीश आशीष कुमार संयुक्त रूप से देखेंगे।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि राष्ट्रपति का दौरा लगभग 5 घंटे का रहेगा और इस दौरान वे कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, शक्तिपीठ मां भद्रकाली मंदिर और गुरुकुल कुरुक्षेत्र में आयोजित कार्यक्रमों में शिरकत करेंगी। सभी नोडल अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा, स्वच्छता, प्रोटोकॉल और जन सुविधाओं का विशेष ध्यान रखें ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो और सभी कार्यक्रम गरिमामय तरीके से संपन्न हों।
