करनाल, 21 मई। उपायुक्त डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत ग्रामीण क्षेत्रों को साफ-सुथरा बनाने और कचरा प्रबंधन को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से जिला में 21 मई से 27 मई तक विशेष स्वच्छता जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। सभी संबंधित अधिकारी व जनप्रतिनिधि अभियान को सफल बनाने के लिए ज्यादा से ज्यादा लोगों को जागरूक करे।
उपायुक्त डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने वीरवार को लघु सचिवालय के सभागार में स्वच्छता जागरूकता अभियान को लेकर आयोजित कार्यशाला के दौरान अभियान का विधिवत शुभारंभ किया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान उपायुक्त ने कहा कि भारत सरकार शहरी क्षेत्रों की तर्ज पर ग्रामीण क्षेत्रों में भी स्वच्छता पर विशेष ध्यान केंद्रित कर रही है।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्र में ठोस अपशिष्ट प्रबंध नियम, 2026 के प्रावधानों को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। गांवों में शत-प्रतिशत डोर-टू-डोर वेस्ट कलेक्शन सुनिश्चित किया जाए। कचरे के पुराने ढेरों (हॉटस्पॉट्स) की पहचान कर उनका उचित निस्तारण किया जाए। इसके अलावा आमजन को गीला, सूखा और सेनेटरी कचरा अलग-अलग करने के लिए प्रोत्साहित किया जाए।
उपायुक्त डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए कि ग्रामीण स्कूलों में जागरूकता रैलियां निकाली जाएं और पेंटिंग और स्लोगन लेखन जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएं। बच्चों के माध्यम से उनके अभिभावकों और समाज को स्वच्छता का संदेश दिया जाए। उन्होंने बीडीपीओ को निर्देश दिए कि वे सरपंचों और पंचों के माध्यम से गांवों में बल्क वेस्ट जनरेटर्स (ज्यादा कचरा पैदा करने वाले संस्थान) और डंपसाइट्स को चिह्नित करें। उन्होंने कहा कि करनाल के गांवों को स्वच्छता में नंबर वन बनाने के लिए अधिकारियों और सरपंचों का योगदान महत्वपूर्ण है। गांवों में ग्राम सभाएं, प्रभातफेरियां और प्रतिनिधियों के साथ बैठकें कर इस मुहिम को जन-आंदोलन का रूप दिया जाए।
इस अवसर पर सीईओ जिला परिषद अमित, डीडीपीओ कंचनलता, सभी खंडों के बीडीपीओ सहित विभिन्न गांवों के सरपंच मौजूद रहे।
