3200 बसें प्रदेशभर से साध-संगत को लेकर पहुंचेंगी ज्योतिसर, पटियाल के 350 बच्चे कार्यक्रम में देंगे कीर्तन की प्रस्तुति, अरदास, कीर्तन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन के लिए तैयार किया विशाल पंडाल
कुरुक्षेत्र 22 नवंबर ओएसडी डा. प्रभलीन सिंह ने कहा कि कुरुक्षेत्र की पावन धरा विश्व की एक ऐसी ऐतिहासिक और धार्मिक भूमि है जहां पर सबसे ज्यादा गुरु साहिब के चरण पड़े। इसलिए इस पवित्र भूमि का चयन श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी पर्व को मनाने के लिए किया गया। यह कार्यक्रम अपने आप में एक अलग कार्यक्रम होगा। इस कार्यक्रम को मान-मर्यादा के साथ राष्ट्रीय स्तर के रूप में मनाया जाएगा।
ओएसडी डा. प्रभलीन सिंह ने कहा कि इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से साध-संगत को लाने के लिए 3200 बसों की व्यवस्था की गई है। इस कार्यक्रम में पटियाला से 350 बच्चे कीर्तन की प्रस्तुति देने के लिए आएंगे। ज्योतिसर में तय किए गए स्थल पर साध-संगत के लिए सभी प्रकार की व्यवस्था को पूरा कर लिया गया है, जहां 200 बाए 700 एरिया में दरबार तैयार किया गया है। इस दरबार में अरदास, कीर्तन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधित होगा। उन्होंने कहा कि दो जोड़ा घर, दो लंगर हॉल, मीडिया सेंटर, प्रदर्शनी तैयार की गई है।
ओएसडी डा. प्रभलीन सिंह ने कहा क इस कार्यक्रम को पूरी मान मर्यादा व रहत के साथ मनाने के लिए ही सिख संगत का सहयोग लिया जा रहा है। इस धरा से पूरे विश्व में गुरु साहिबान की बाणी का संदेश पहुंचेगा। इसके अलावा प्रदेश सरकार की तरफ से कुरुक्षेत्र में विश्व स्तर का एक सिख संग्रहालय बनाया जाएगा। इसकी डीपीआर तैयार की जा रही है। इसके लिए सुझाव भी आमंत्रित किए गए हैं। शहीदी पर्व को लेकर हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंध कमेटी की तरफ से कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसमें सरकार और प्रशासन प्रबंध और व्यवस्था कर रही है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की सोच है कि गुरु साहिब की वाणी विश्व के हर कोने तक पहुंचे। इस लिए 25 नवंबर को शहीदी पर्व में स्वयं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहुंच रहे हैं।
ओएसडी डा. प्रभलीन सिंह ने कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर सिंह जी के 350 वें शहीदी दिवस को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के प्रयासों से एक नवंबर से कार्यक्रमों का सिलसिला शुरू किया गया था। एक नवंबर को पंचकूला में विशाल रक्तदान शिविर लगाकर 350 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया और 24 नवंबर तक 350 रक्तदान शिविर लगाए जाएंगे। इससे युवाओं को प्रेरित करने का प्रयास किया जाएगा, 3 नवंबर को श्री गुरु तेग बहादुर जी के जीवन पर निबंध लेखन प्रतियोगिता में 3 लाख 50 हजार युवाओं ने भाग लिया। इसके अलावा 8 नवंबर को सिरसा, 11 नवंबर को पिंजौर, 14 नवंबर को फरीदाबाद, 18 से यमुनानगर सढ़ौरा से नगर कीर्तन यात्राएं पूरे प्रदेश का भ्रमण करने के उपरांत 24 नवंबर को गुरु साहिब की पवित्र भूमि कुरुक्षेत्र में एकत्रित होंगी और 25 नवंबर को ज्योतिसर की धरा पर ऐतिहासिक व यादगार श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350 वां शहीदी दिवस मनाया जाएगा। इसके लिए सरकार और प्रशासन पिछले एक माह से तैयारियों कर रहा है और इसके लिए सभी प्रबंध कर लिए गए है।
