चौथे ड्रा में भाग लेने के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 23 जुलाई, इसके बाद नहीं लिए जाएंगे आवेदन।
करनाल 11 जुलाई,
शहर में अवैध रूप से चल रही पशु डेयरियों को सील करने के लिए नगर निगम ने तैयारी कर ली है। इसके तहत 15 डेयरियों को जल्द ही सील किया जाएगा। यह जानकारी शुक्रवार को नगर निगम आयुक्त डॉ. वैशाली शर्मा ने दी।
उन्होंने बताया कि बीते दिनों 21 डेयरी संचालकों को 7 दिन में डेयरी स्थानांतरित करने के नोटिस जारी किए गए थे, जिनकी डेयरी बनकर तैयार थी। इनमें से 6 संचालकों ने अपनी डेयरी को पिंगली डेयरी परियोजना स्थल पर स्थनांतरित कर लिया, परंतु 15 ने डेयरी स्थानांतरण में अपनी रूचि नहीं दिखाई। नोटिस की पालना न करने के चलते अब इन डेयरियों को सील किया जाएगा तथा उनके पशुओं को भी नगर निगम अपने कब्जे में ले लेगा। नए आवेदन की अंतिम तिथि 23 जुलाई- उन्होंने कहा कि पिंगली डेयरी परियोजना स्थल पर प्लॉट लेने के लिए पशु डेयरी संचालक 23 जुलाई 2025 तक आवेदन कर सकते हैं। इस अवधि के बाद कोई भी आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसके पश्चात नगर निगम चौथा ड्रा निकालेगा, जिसके तहत डेयरी प्लॉट आबंटित किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि अब तक निगम कार्यालय में 55 आवेदन प्राप्त हो गए हैं।
यह रहेगी आवेदन की प्रक्रिया- उन्होंने बताया कि डेयरी प्लॉट के लिए ड्रा में भाग लेने के लिए डेयरी संचालकों को आवेदन करना होगा। इसके लिए एक प्रार्थना पत्र, शपथ पत्र, 50 हजार रुपये धरोहर राशि, लेट फीस (विलंब शुल्क) 1000 रुपये तथा प्रार्थना पत्र फीस 100 रुपये देने होंगे। प्रार्थना पत्र के साथ उपरोक्त राशि की रसीदें लगाकर देनी होंगी। उन्होंने बताया कि अधिक जानकारी के लिए डेयरी संचालक नगर निगम कार्यालय की बेसमेंट में कमरा नम्बर 2 से जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। निगमायुक्त ने शहर में अनाधिकृत रूप से डेयरी का व्यवसाय कर रहे लोगों से कहा है कि वे अपनी डेयरियों को तुरंत प्रभाव से बंद कर दें। पिंगली स्थित डेयरी स्थल पर प्लॉट हासिल करने के लिए नियमानुसार नगर निगम में आवेदन करें और ड्रा के माध्यम से आबंटित प्लॉटों को हासिल कर उस पर निर्माण शुरू करें। इसी प्रकार जिन डेयरी मालिकों ने प्लॉट अलॉटमेंट के बाद डेयरी निर्माण शुरू नहीं किया है, उनके विरूद्घ भी जल्द ही नगर निगम सख्त कार्रवाई करने जा रहा है। इसके अतिरिक्त जिन्होंने अभी तक प्लॉट की किश्ते नहीं चुकाई हैं, वह भी शीघ्र अति शीघ्र राशि जमा करवा दें, अन्यथा उनके प्लॉट की अलॉटमेंट रद्द करने के साथ-साथ धरोहर राशि भी जब्त कर ली जाएगी।
