नीलोखेड़ी/ करनाल, 14 जुलाई। हरियाणा पिछड़ा वर्ग कल्याण निगम की अध्यक्ष और वरिष्ठ भाजपा नेत्री निर्मल बैरागी ने महिला जनप्रतिनिधियों का आवाहन किया है कि वे आगे बढक़र बुलंदी के साथ जनता द्वारा उन्हें सौंपे गए दायित्व का निर्वहन करें। बैरागी हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान में आयोजित एक विचार गोष्ठी में महिला जनप्रतिनिधियों के सम्मुख आने वाली चुनौतियों और उनसे निपटने के तौर तरीकों पर अपने अनुभव साझा कर रही थीं। गोष्ठी की अध्यक्षता हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान के निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने की। इससे पहले उन्होंने संस्थान परिसर पहुंचकर नवनियुक्त निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान को शुभकामनाएं दीं।
निगम अध्यक्ष निर्मल बैरागी ने कहा कि उन्होंने अपना सार्वजनिक जीवन 90 के दशक में सरपंच के रूप में शुरू किया और नया पंचायती राज अधिनियम के लागू होने के बाद वे अपने गांव की पहली महिला सरपंच बनीं। उन्होंने कहा कि कार्यस्थल पर आने वाली चुनौतियों का सामना करने के लिए नेक नीयत और कर्तव्यनिष्ठा का भाव काफ़ी होता है। उन्होंने पंचायतों में महिलाओं की 50 प्रतिशत भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर की सराहना की।
इस अवसर पर डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने चेयरपर्सन निर्मल बैरागी की कार्यशैली को महिला सामाजिक एवं राजनीतिक कार्यकर्ताओं के लिए अनुकरणीय बताया। उन्होंने कहा कि हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान प्रदेश में कुशल और प्रभावी महिला नेतृत्व के विकास में कारगर भूमिका निभाने के लिए व्यापक कार्य योजना का निर्माण कर उसे क्रियान्वित करेगा। भाजपा के नवनियुक्त जिला प्रवक्ता शिवनाथ कपूर ने भी इस अवसर पर डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान की नियुक्ति के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर का आभार जताया। कार्यक्रम के बाद प्रतिभागियों ने निर्मला बैरागी और डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान की अगुवाई मे बेल-पत्र का पौधा लगा कर श्रावण मास के प्रथम सोमवार को भगवान भोलेनाथ को नमन किया।
इस अवसर पर शिवनाथ कपूर, नवीन कपूर, राजपाल हैबतपुर (भाजपा मंडल अध्यक्ष निगदू), जोनी राणा (भाजपा मंडल अध्यक्ष गुनियाना ), सोहन लाल जांगड़ा, ईश चोपड़ा , सुनीता सिंह, सर्जन सिंह, संजीव चौहान (सदस्य भगत सिंह विद्यार्थी परिषद), डॉक्टर भगत सिंह , सरदार जसविंदर सिंह (सरपंच प्रतिनिधि ठरवा माजरा ) , सरदार बलजीत सिंह, सरदार जोगा सिंह गोराया डाचर उपस्थित रहे ।
